बोले- पशु चिकित्सालय दूर होने के कारण इलाज करवाने में आ रही समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
रामकोट। तहसील रामकोट की पंचायत मकवाल में पशु चिकित्सालय न होने के कारण पशुपालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस क्षेत्र के मल्ली, ओशल, बौन्चली, चिन्जी, आली, धन्नी, गुर्गाडा और पलंग सहित अन्य गांवों के पशुपालकों को बीमार पशुओं के इलाज के लिए रामकोट के पशु चिकित्सालय जाना पड़ता है।
स्थानीय पशुपालकों ने बताया कि रामकोट का पशु चिकित्सालय काफी दूर होने के कारण इलाज कराने में समय और धन दोनों अधिक खर्च होता है। इसके अलावा पक्के सड़क मार्ग से बड़े पशुओं को ले जाने में वाहनों का खर्च बढ़ जाता है।
रामकोट में सड़क किनारे स्थित पशु चिकित्सालय होने के कारण ग्रामीण जब अपने मवेशियों को वहां ले जाते हैं, तो सड़क पर वाहनों की चपेट में आने का खतरा बना रहता है। मकवाल निवासी मोहिंदर कुमार, चरण दास, डॉ. बद्री नाथ और ज्ञान चंद ने बताया कि क्षेत्र के अधिकतर लोग खेती और पशुपालन पर निर्भर हैं। पशुओं के बीमार होने पर नजदीकी चिकित्सा केंद्र न होने के कारण इलाज में देरी होती है, जिससे पशुपालकों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है। ग्रामीणों ने बताया कि वे कई बार सरकार से मकवाल में पशु चिकित्सालय खोलने की मांग कर चुके हैं, लेकिन अभी तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने प्रशासन से अनुरोध किया है कि मकवाल में जल्द से जल्द एक पशु चिकित्सालय खोला जाए। ग्रामीणों का कहना है कि अगर उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया, तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।