- जीएमसी के बाहर हाईवे जाम कर किया प्रदर्शन, पुलिस अधिकारी ने आश्वासन देकर जाम खुलवाया
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। शहर के निकटवर्ती खरोट लिंक मार्ग पर वीरवार देर रात संदिग्ध परिस्थितियों में महिला का शव सड़क पर मिलने से सनसनी फैल गई। 18 घंटे बाद भी पुलिस की ओर से कार्रवाई शुरू न करने पर परिजनों ने जीएमसी कठुआ के बाहर हाईवे जाम कर दिया। आनन-फानन में मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारी ने आश्वासन देकर जाम खुलवाया।
वीरवार की देर रात स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी कि एक महिला का शव खरोट लिंक मार्ग पर पड़ा है। रात 11 बजे मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अस्पताल पहुंचाया। मृतका की पहचान नाजिया बेगम के रूप में हुई। शुक्रवार की सुबह पोस्टमार्टम के बाद शव लेने के लिए आए परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। प्रदर्शन में शामिल परिजनों ने आरोप लगाया कि घटना को हुए 18 घंटे हो चले हैं, लेकिन पुलिस तहकीकात करने के बजाय शव को जल्द ले जाने के लिए दबाव बना रही है जबकि शुरू से वे लोग इसे हत्या का मामला बता रहे हैं।
मृतका की बहन बिल्ली बेगम ने बताया कि वे लोग मूलरूप से बसोहली के भूंड गांव के रहने वाले हैं। उनके गांव से कई परिवार रोजी-रोटी के लिए कठुआ में आकर रह रहे हैं। उनमें उनकी बहन नाजिया बेगम पत्नी काके का परिवार भी शामिल है। बीती वीरवार की रात वह अपनी मौसेरी बहन नाजिया खातून के पास आई थी। आरोप लगाया कि देर रात को वह उसके घर से अपने घर जाने के लिए निकली थी तो एक स्कूटी सवार के साथ उसकी बहन नाजिया अपने घर की ओर गई थी।
काफी देर तक जब वह घर नहीं पहुंची तो उसकी तलाश शुरू की। अभी वह थोड़ी दूर पहुंची थी कि वहां बहन को सड़क पर पाया। इसी बीच पुलिस भी मौके पर पहुंच गई, जिसने उनकी बहन को जीएमसी कठुआ पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत लाया घोषित कर दिया। उनका आरोप था कि जिस स्थान पर उनकी बहन मृत पाई गई वहां सीसीटीवी कैमरा लगा हुआ है। अगर पुलिस ने जांच की होती तो पता चल सकता था कि उसकी मौत कैसे हुई।
वहीं, जिस व्यक्ति के साथ वह स्कूटी पर सवार होकर गई थी उसकी पहचान भी बताई गई है लेकिन पुलिस ने उसे भी पूछताछ के लिए भी नहीं पकड़ा। आरोप लगाया कि पुलिस मामले को सड़क दुर्घटना से जोड़कर इसे ठंडे बस्ते में डालने का प्रयास कर रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर पुलिस ने मामले की जांच में किसी भी तरह की ढिलाई बरती तो वह लोग दोबारा हाईवे जाम करने को मजबूर होंगे, जिसके लिए पुलिस ही जिम्मेदार होगी।