चार महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार सोमवार को विधिवत पूजा के साथ जिला विकास परिषद(डीडीसी) अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का कार्यालय सक्रिय हो गया। लेकिन पहले ही दिन अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के बीच तीखी बहस और हाई वोल्ट्रेज ड्रामा अंतर्कलह को भी उजागर करता नजर आया।
दरअसल, कार्यालय में स्थापित नेम प्लेट और फिर उसके बाद बैठने की व्यवस्था को लेकर अध्यक्ष और उपाध्यक्ष में उद्घाटन समारोह के दौरान ही तीखी बहस हो गई। पूर्व मंत्री से लेकर जिला विकास परिषद के सदस्यों, बीडीसी के सदस्यों और निकायों के अध्यक्षों ने बीच बचाव करते हुए मामले को सुलझाने का प्रयास किया, लेकिन उपाध्यक्ष रघुनंदन सिंह बबलू ने अध्यक्ष पर आमने सामने पार्टी को कमजोर करने और राजनीतिक अपरिपक्वता के गंभीर आरोप लगा दिए।
जानकारी के अनुसार ट्रेवलर्स मार्ट की जिस इमारत में डीडीसी अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का कार्यालय खोला गया है, वहां पूजा पाठ चल रहा था कि इसी बीच अध्यक्ष की नेम प्लेट लगे कमरे में बैठने की जगह उपाध्यक्ष की नेम प्लेट लगे कमरे में पहुंच जैसे ही अध्यक्ष महान सिंह ने पूजा पाठ शुरू करवाया, उपाध्यक्ष मौके पर पहुंचे और भड़क गए। इसके बाद माहौल गर्मा गया। मौजूद अन्य नेता बीच बचाव करते और समझाते नजर आए।
मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए अध्यक्ष महान सिंह ने कहा कि वे पहाड़ी जिला के अध्यक्ष हैं और उनकी राजनीतिक परिपक्वता का अंदाजा लोगों को आने वाले समय में कामकाज से खुद ही लग जाएगा। उन्होंने कहा कि कुछ गलतफहमी हो गई थी लेकिन वे दोनों मिलकर रोजाना काम कर रहे हैं और करते रहेंगे। उपाध्यक्ष रघुनंदन सिंह बबलू ने कहा कि राजनीति में छोटी मोटी बातें होती रहीं है। इसे तूल नहीं दिया जाना चाहिए।
हवन के साथ हुई कार्यालय की शुरूआत
इससे पहले विधिवत पूजन के साथ साथ डीडीसी अध्यक्ष और उपाध्यक्ष सुबह कार्यालय में पहुंचे। हवन भी किया। बाकायदा दोनों के कार्यालय की शुरूआत करवाने डीसी कठुआ राहुल यादव, एसएसपी रमेश चंद्र कोतवाल भी पहुंचे। उन्होंने दोनों को शुभकामनाएं दीं। इस मौके पर पूर्व मंत्री राजीव जसरोटिया ने कहा कि लंबे समय से थ्री टियर सिस्टम को लागू करने की मांग की जा रही थी। डीडीसी अध्यक्ष और उपाध्यक्ष ने अपना कार्यभार संभाल लिया है। भाजपा के मैनिफेस्टो में थ्री टियर सिस्टम की बात थी और अब देश के अन्य राज्यों की तरह लागू कर दिया गया है। ऐसे में लोगों के दुख तकलीफ को कम करने का प्रयास हो पाएगा। डीडीसी के लखनपुर में खुले कार्यालय और टोल पार कर आने के मामले को लेकर बोले कि स्थानीय लोगों को छूट मिलनी चाहिए। अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के संज्ञान में मामला है।