पहाड़ी उपजिला बनी के डुग्गन गांव के एक आठ वर्षीय बच्चे की हृदय जांच में सेना ने केवल पीड़ित परिवार की मदद की, बल्कि उसे भविष्य हर तरह मदद उपलब्ध करवाने का भी भरोसा दिलाया है। मामला बीते 20 अगस्त का है, जब ग्रामीणों ने सेना से आठ वर्षीय उस्मान अली पुत्र लियाकत अली की चिकित्सा जांच में सहायता की मांग की थी। जिसके बाद सेना ने बच्चे पठानकोट स्थित आर्मी अस्पताल में 2D ईको परीक्षण में पाया कि बाइकस्पिड एओर्टिक वॉल्व के साथ हल्की एओर्टिक स्टेनोसिस/रिगर्जिटेशन की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट में डॉक्टरों ने सुझाव दिया कि बच्चे का हृदय सामान्य रूप से कार्य कर रहा है। फिलहाल इसे सर्जरी की कोई आवश्यकता नहीं है। जिसके बाद चिकित्सकों ने हर छह से 12 महीने में नियमित जांच और लक्षणों के अनुसार उपचार की सलाह दी है।