कठुआ। मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने स्कूल शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के सोशल मीडिया उपयोग को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। यह कदम उन अनधिकृत व्हाट्सएप ग्रुपों की बढ़ती संख्या के मद्देनजर उठाया गया है, जिनमें कुछ कर्मचारी स्वयंभू प्रशासक बनकर भ्रामक, अपुष्ट या विवादास्पद जानकारी साझा कर रहे हैं।
जिले और जोन स्तर पर बनाए गए आधिकारिक व्हाट्सएप ग्रुपों के माध्यम से ही विभागीय आदेशों और सूचनाओं का आदान-प्रदान होगा। सभी प्रधानाचार्यों और जोनल शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने अधीनस्थ कर्मचारियों को सोशल मीडिया के जिम्मेदार उपयोग के प्रति जागरूक करें और किसी भी समानांतर सूचना चैनल को बनने से रोकें। जो कर्मचारी बिना अनुमति के विभागीय नाम से व्हाट्सएप, फेसबुक या टेलीग्राम ग्रुप चला रहे हैं, उनके खिलाफ जम्मू-कश्मीर सरकारी कर्मचारी आचरण नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अपुष्ट, अश्लील, राजनीतिक या भ्रामक सामग्री साझा करना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
दिशा-निर्देश जारी
जम्मू-कश्मीर सामान्य प्रशासन विभाग ने भी सोशल मीडिया पर सरकारी कर्मचारियों के आचरण को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। स्पष्ट किया गया है कि कोई भी कर्मचारी सरकार की नीतियों की सार्वजनिक आलोचना व किसी राजनीतिक या सांप्रदायिक सामग्री को साझा कर सकता है। उल्लंघन की स्थिति में कर्मचारी को सेवा से हटाने तक की कार्रवाई की जा सकती है।