कठुआ। निर्धारित मूल्य से अधिक वसूली करने को लेकर सवालों के घेरे में आए ईंट भट्ठा मालिकों ने ईंटों की सप्लाई ठप करने की चेतावनी दे डाली है। लगातार हो रहे विरोध से बिफरे ईंट भट्ठा यूनियन के सदस्यों ने जिला उपायुक्त से मुलाकात कर साफ शब्दों में कह दिया है कि यदि ईंटों के मूल्यों को रिवाइज नहीं किया गया, तो पूरे जिले में ईंटों की सप्लाई ठप कर दी जाएगी।
जिला उपायुक्त से मिलकर लौटते समय मीडिया से मुखातिब यूनियन के अध्यक्ष शाम नारायण मेहता समेत अन्य पदाधिकारियों ने कहा कि ईंटों के मूल्य की पिछली सूची वर्ष 2009 में जारी की गई थी, जिसके बाद से ईंटों का मूल्य नहीं बढ़ाया गया है। हर चीज के दाम आसमान छू रहे हैं, ऐसे में ईंटों के दाम न बढ़ाकर सरकार ईंट का व्यापार करने वालों के साथ नाइंसाफी कर रही है। उन्होंने कहा कि कुछ नेता अपना स्वार्थ साधने के लिए भड़काऊ भाषण देकर जनता को बरगलाने की कोशिश कर रहे हैं। मेहता ने बताया कि श्रीनगर में सरकारी अधिसूचना के बाद ईंट को 5167 रूपए प्रति हजार के हिसाब से बेचा जा रहा है, लेकिन कठुआ में इसके दाम मात्र 2625 रुपये प्रति हजार ही रखे गए हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब में भी ईंट को प्रति हजार 7500 रुपये तक बेचा जा रहा है फिर जिले के साथ ऐसी नाइंसाफी क्यों की जा रही है। शिष्टमंडल में आए यूनियन के सचिव राकेश कुमार सुल्तान चौधरी, बोध राज, मोहन सिंह, दलीप मेहता, नाहर सिंह, रिक्की, राकेश ने बताया कि जब अन्य जगहों पर भी लेबर रेट एक जैसा है, तो कठुआ में इस रेट को कम रखने का कोई औचित्य नहीं है। उन्होंने बताया कि जिला उपायुक्त ने इस मामले पर एमएलसी चुनाव के बाद चर्चा करने का भरोसा दिलाया है।