रोजगार के नाम पर भद्दा मजाक साबित हो रही वॉलंटियर होमगार्ड योजना की भर्ती को इस बार नकारात्मक रिस्पांस मिला है। 60 रिक्त पदों के लिए आवेदन तो खूब हुए, लेकिन भर्ती के लिए परीक्षा देने वालों की संख्या बेहद कम रही। ऐसे में पुलिस विभाग ने ढुलमुल रिस्पांस को देखते हुए आवेदकों को फिर से भर्ती का न्योता दिया है।
वॉलंटियर होमगार्ड पदों के आवेदक अब 29 जून तक किसी भी दिन सुबह दस बजे जिला पुलिस लाइन में भर्ती परीक्षा के लिए रिपोर्ट कर सकते हैं। दरअसल, पुलिस विभाग के ऑक्जिलरी विंग के तहत आने वाले वॉलंटियर होमगार्ड पदों के लिए आवेदन मांगे गए थे।
प्रतिदिन साठ रुपये और महीने में अधिकतम नौ दिन के रोजगार की इस योजना के तहत वॉलंटियर होमगार्ड महीने में अधिकतम 540 रुपये का मानदेय ही हासिल कर सकते हैं। साठ रिक्त पदों के लिए पुलिस विभाग ने आवेदन मांगे थे। इसके लिए कठुआ जिले से 657 आवेदन पत्र जमा हुए।
लेकिन, 15 और 17 जून को भर्ती प्रक्रिया की परीक्षा देने वालों की संख्या कुल 77 रही। पुलिस विभाग ने इसे बेहद नकारात्मक रिस्पांस मानते हुए फिर से आवेदकों को परीक्षा देने का निर्णय लिया है। भर्ती बोर्ड के अनुसार 29 जून तक आवेदक भर्ती परीक्षा के लिए जिला पुलिस लाइन में आ सकते हैं।
गौरतलब है कि कई होमगार्ड सदस्य पिछले दस से बीस साल से सेवारत हैं। पिछले दिनों ही होमगार्ड सदस्यों की एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय गृहमंत्री से मिलकर अन्य राज्यों की तर्ज पर होमगार्ड सदस्यों के लिए वेतन की मांग की थी। फिलहाल यह मांग अधर में लटकी हुई है।
होमगार्डों की मानें तो उनकी नौकरी जितनी अहम है, उतना ही उनके साथ मजाक हो रहा है। लंबे समय से वे वेतन संबंधी मांग को उठाते रहे हैं, लेकिन हर बार उनको अनसुना ही किया गया। इसीलिए वे गृहमंत्री से मिलने गए थे, लेकिन अभी तक उनके पास कोई जवाब नहीं आया है।
भर्ती बोर्ड की ओर से आयोजित होने वाली परीक्षा भी आज के समय में एक मजाक जैसी ही है। आजकल जबकि इतनी महंगाई है, ऐसेे में 540 रुपये में भला कोई कैसे गुजर-बसर कर सकेगा?