दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले के अवंतीपोरा में सुरक्षा बलों ने वीरवार को मुठभेड़ में लश्कर के दो आतंकियों को मार गिराया। इस दौरान मुठभेड़ स्थल के आस-पास पहुंचे स्थानीय नागरिकों ने आतंकियों को भागने में मदद करने के उद्देश्य से सुरक्षा बलों पर पथराव किया।
हिंसक भीड़ को तितर-बितर करने के लिए सुरक्षा बलों को आंसू गैस के गोले दागने पड़े और फायरिंग करनी पड़ी। हिंसक झड़पों में दो युवक भी मारे गए। हिंसक प्रदर्शनों के दौरान आतंकियों की ओर से भीड़ में से सुरक्षा बलों पर गोलियां चलाईं गईं जिसमें दो जवान जख्मी हो गए हैं।
जिले के पदगामपोरा गांव में कुछ आतंकियों की मौजूदगी की सूचना वीरवार सुबह सुरक्षा बलों को मिली। इस पर जम्मू-कश्मीर पुलिस के स्पेशल आपरेशन ग्रुप (एसओजी) और सेना की 55 राष्ट्रीय रायफल्स ने सुबह पांच बजे इलाके की घेराबंदी की। घेरा सख्त होता देख एक मकान में छिपे आतंकियों ने सुरक्षा बलों पर गोलियां बरसानी शुरू कर दीं।
सुरक्षा बलों की ओर से भी जवाबी कार्रवाई की गई। आठ घंटे से अधिक समय तक चली इस भीषण मुठभेड़ में सुरक्षा बलों को दो आतंकियों को मार गिराने में सफलता मिली। दोनों आतंकी लश्कर के थे और ए प्लस श्रेणी में आते थे।
इनकी पहचान मोहम्मद शफी वागे उर्फ एहसान (2014 से दक्षिणी कश्मीर में सक्रिय) और जहांगीर अहमद गनेई उर्फ सैफुल्ला (2015 से दक्षिणी कश्मीर में सक्रिय) के तौर पर हुई है। दोनों पुलवामा के थे। मारे गए आतंकियों से दो एके 47 राइफल और कुछ अन्य हथियार बरामद हुए हैं।