किश्तवाड़ में शुक्रवार को हुए दंगे के बाद सुरक्षा को ध्यान में रखकर जम्मू क्षेत्र के और तीन जिलों में कर्फ्यू लगा दिया गया है। वहीं हालात की जानकारी लेने के लिए रविवार को किश्तवाड़ जा रहे भाजपा नेता अरुण जेटली को जम्मू हवाई अड्डे पर ही रोक लिया गया।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि किश्तवाड़ की घटना के बाद से कुछ सियासी दल इसका फायदा उठाने की कोशिश में लगे हैं।
टीवी रिपोर्ट्स के अनुसार, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए राज्य सरकार ने स्थानीय टीवी चैनलों के प्रसारण पर रोक लगा दी है।
पंजाब से भाजपा के राज्यसभा सांसद अविनाश राय खन्ना भी जेटली का साथ देने किश्तवाड़ जा रहे थे लेकिन उन्हें भी आज सुबह कठुआ में रोक लिया गया।
जम्मू-कश्मीर: किश्तवाड़ के बाद राजोरी में कर्फ्यू, सेना सतर्क
मोदी ने की उमर अब्दुल्ला सरकार की निंदा
भाजपा नेताओं को रोके जाने से नाराज गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य सरकार के इस फैसले की निंदा करते हुए अलोकतांत्रिक करार दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार सच्चाई छिपाना चाहती है।
वहीं पीडीपी नेता मेहबूबा मुफ्ती का कहना है कि वह जम्मू के हिंसा प्रभावित क्षेत्र का दौरा करने जाने वाली थीं लेकिन उन्हें श्रीनगर में आवास से बाहर नहीं निकलने दिया गया।
राज्यसभा में विपक्ष के नेता जेटली को हवाई अड्डे पर रोके जाने के विरोध में जम्मू-कश्मीर के भाजपा प्रदेश अध्यक्ष युगल किशोर के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया।
जम्मू क्षेत्र के आयुक्त शांतमनु ने कहा कि दिल्ली से जम्मू आने पर जेटली को हवाई अड्डे पर ही रोक लिया गया। संवेदशीलता को देखते हुए उनको किश्तवाड़ जाने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
तीन जिलों में लगा कर्फ्यू
शुक्रवार को फैली सांप्रदायिक हिंसा के बाद किश्तवाड़ में लगातार तीसरे दिन भी कर्फ्यू लगा हुआ है। संवेदनशील हालात को देखते हुए रविवार सुबह सेना के जवानों ने क्षेत्र में गश्त भी की।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जम्मू और राजोरी जिले में कर्फ्यू के बाद प्रशासन ने ऊधमपुर, सांबा और कठुआ जिले में भी आज कर्फ्यू लगा दिया।
आयुक्त शांतमनु ने बताया कि स्थानीय प्रशासन की मदद के लिए इन जिलों में सेना की मदद ली जा रही है। स्थिति तनावपूर्ण, लेकिन नियंत्रण में है।