पुंछ। चलती बस के बिजली के तारों के चपेट में आने से यात्रियों में हड़कंप मच गया। दो बसों के यात्रियों की जान बाल बाल बच गई। चीखपुकार के बीच आननफानन में स्थानीय लोगों ने सवारियों को उतारा। गनीमत रही कि हादसे के वक्त बिजली आपूर्ति ठप हो गई, वरना बड़ी घटना हो सकती थी।
दरअसल, दोपहर करीब ढाई बजे पुंछ से मंडी की ओर जा रही बस शंकरनगर इलाके से गुजर रही थी। इस बस पर लोहे का संदूक लदा था। इसकी ऊंचाई काफी अधिक थी। जब यह पुलिस थाने के पास पहुंची तो छत पर रखा संदूक वहां से गुजर रहे बिजली के तारों में फंस गया। इसके चलते पास रखे ट्रांसफार्मर के साथ बिजली का खंभा उखड़ गया और यह सुरनकोट की तरफ जा रही दूसरी यात्री बस पर गिरने लगा। हालांकि, उस बस चालक ने तेजी से बस को पीछे कर लिया, जिससे बस उसकी चपेट से अपनी बस को बाहर निकाल लिया।
गनीमत यह भी रही कि जब संदूक में फंसे तार खिंचने लगे तो पास के ट्रांसफार्मर का जंपर उड़ गया, जिससे बिजली आपूर्ति ठप हो गई। ऐसे में दोनों बसों में सवार करीब 70 यात्रियों की जान बच गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि बस चालक मनमानी करते हैं। बसों के छतों पर ऊंचाई तक सामान लाद दिया जाता है। ओवरलोडिंग भी की जाती है। हादसे के चलते करीब दो घंटे तक यातायात ठप रहा। बाद में बिजली कर्मचारियों ने तार और खंभा हटाया। इसके बाद यातायात खुल सका।