अपने कड़वे प्रवचनों के लिए पहचाने जाने वाले जैन मुनि तरुण सागर ने आज राजनेताओं को आड़े हाथों लिया। उन्होंने राजनेताओं को गूंगा और बहरा बताया।
तरुण सागर महाराज ने आज सीकर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह बात कही। उन्होंने कहा कि सन्तों को अब जनता के बीच प्रवचन नहीं करने चाहिए। सन्तों को राजनेताओं के लिए लोकसभा व विधानसभा में प्रवचन करने चाहिए, क्योंकि सबसे ज्यादा जरूरत वहीं है।
उन्होंने कहा कि अगर लोकसभा विधानसभा में बैठे लोग सुधर जाएं, तो एक अरब 34 करोड़ 97 लाख लोग भी सुधर जाएंगे। राजनीतिक अंधे आम अंधों से ज्यादा खतरनाक होते हैं। राजनीतिक अंधे पूरे आवाम को चोट पहुंचाते हैं। ऐसे राजनीतिक अंधों को कड़वे प्रवचनों की जरूरत है। ताकि राजनीतिक गूंगे बहरे नेताओं के नजरिये का प्रवचनों से सुधार किया जा सके।