राजस्थान क्रिकेट संघ के चुनावों के लेकर इन दिनों सरगर्मियां तेज हो गई हैं। वोटर लिस्ट को लेकर आई आपत्तियों पर सुनवाई जारी है। इसमें अलवर क्रिकेट संघ व रुचिर मोदी को लेकर आई आपत्ति को खारिज कर दिया गया।
गौरतलब है कि आरसीए को वोटर लिस्ट को लेकर 12 जिलों से आपत्तियां मिली हैं। लेकिन चुनाव अधिकारी ए.के. पांडे ने सुनवाई के बाद सभी आपत्तियों को खारिज कर दिया है। आरसीए की ओर से नियुक्त लोकपाल पूर्व न्यायधीश ज्ञानसुधा मिश्रा रविवार को भी आरसीए कार्यालय पहुंची और एक—एक कर अपील पर सुनवाई की। सुनवाई सोमवार को भी जारी रहेगी।
मनी लाउंड्रिंग के आरोप ललित मोदी के पुत्र रुचिर मोदी का रास्ता साफ होने के बाद भी प्रस्तावित आरसीए चुनावों पर तलवार लटकी हुई है। जिन जिला संघों की आपत्तियां खारिज हुई है उनका कहना है कि ऐसा संभव नहीं है कि सभी आपत्तियां गलत हो। इसके विरुद्ध अब कई जिला क्रिकेट संघ कोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं।
गौरतलब है कि पिछले माह अचानक रुचिर मोदी के आरसीए में दखल बढ़ने के बाद से चुनाव को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई थी। इसी सिलसिले में रुचिर मोदी जयपुर आए थे और उन्होंने प्रदेश के कई जिला क्रिकेट ऐसोसिएशन के पदाधिकारियों से मुलाकात की थी।
रुचिर मोदी पूर्व आईपीएल कमिश्नर व पूर्व आरसीए चेयरमैन ललित मोदी के बेटे हैं। हालांकि ललित मोदी कह चुके है कि वह अपने बेटे को आरसीए के चुनाव लड़ाने के पक्ष में नहीं है। वे चाहते हैं कि रुचिर चुनाव हार जाए। वहीं क्रिकेट के जानकार कहते हैं कि ललित मोदी रुचिर मोदी के कंधे पर बंदूक रखकर बीसीसीआई पर निशाना साधने का प्रयास कर रहे हैं।