मीणा—मीना विवाद एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। राजस्थान हाईकोर्ट ने मामले में केन्द्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी किए हैं।
न्यायाधीश मनीष भंडारी की खंडपीठ में बुधवार को मीणा जाति के लोगों को मीना जाति के प्रमाण पत्र बनाने के मामले में सुनवाई करते हुए ये नोटिस जारी किए हैं। याचिकाकर्ता कालूराम भील ने कोर्ट को बताया कि 1976 की अधिसूचना के तहत मीना जाति एसटी वर्ग में शामिल है। इस अधिसूचना में मीणा जाति का उल्लेख नहीं किया गया है। इसके बावजूद भी मीणा वर्ग के लोगों को मीना वर्ग में शामिल कर जाति प्रमाण पत्र बनाए जा रहे हैं।
इस पर कोर्ट ने केन्द्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर पूछा है कि क्यों ना जाति प्रमाण पत्र जारी करने पर रोक लगा दी जाए।