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Janmashtmi 2022: जयपुर के गोविंद देव जी मंदिर में धूमधाम से होगी जन्माष्टमी, यहां जानें पूजा और दर्शन का समय

Thu, 18 Aug 2022 02:29 PM IST
रोमा रागिनी न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

जन्माष्टमी को देखते हुए जयपुर के गोविंद देव मंदिर में सुरक्षा के चौकस व्यवस्था की गई है। मंदिर में प्रवेश देने से पहले मेटल डिटेक्टर गेट और मेटल डिटेक्टर मशीन का इस्तेमाल किया जा रहा है।
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गोविंद देव - फोटो : Social Media
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विस्तार
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छोटी काशी के नाम से विख्यात जयपुर नगरी को गोविंद की भी नगरी कहा जाता है। प्राचीन काल से ही गोविंद देव जी को जयपुर के अराध्य माना जाता है। राजस्थान के बड़े मंदिरों जन्माष्टमी महोत्सव 19 अगस्त को मनाया जाएगा। ऐसे में गोविंद देव मंदिर में जन्माष्टमी को लेकर तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। 

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गोविंद देव जी को जयपुर में ठाकुर जी के नाम से भी जाना जाता है। जन्माष्टमी के अवसर पर ठाकुर जी के दर्शन के लिए पूरा जयपुर ही उमड़ पड़ता है। करोना काल के बाद इस जन्माष्टमी के अवसर पर जयपुर वासियों को अपने गोविंद देव के दर्शन होंगे। इसके लिए मंदिर समिति और प्रशासन ने व्यापक स्तर इंतजाम कर लिए हैं।

सुरक्षा की दृष्टि से मेटल डिटेक्टर गेट और मेटल डिटेक्टर मशीन का इस्तेमाल किया जा रहा है। भक्त 19 अगस्त को सुबह 4:30 बजे से मंगला आरती के साथ ठाकुर जी के दर्शन कर सकेंगे। ये दौर रात 12:30 बजे तक जारी रहेगा। 

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19 अगस्त को गोविंद के दर्शन के लिए झांकियों का समय :
  • सुबह 4:30 बजे से 6:45 बजे तक मंगला आरती
  • 7:30 बजे से 9:30 बजे तक धूप आरती
  • 9:45 से 11:30 तक शृंगार आरती
  • 11:45 से 1:30 तक राजभोग झांकी
  • शाम 4:00 से 6:30 तक ग्वाल आरतीशाम
  •  6:45 बजे से 8:30 बजे तक संध्या आरती
  • रात 9:15 बजे से 10:30 बजे तक शयन आरती
  • रात 11:00 बजे से 11:15 बजे तक अगले दिन की मंगला आरती होगी
  • रात 12:00 बजे से 12:30 बजे तक तिथि पूजा और अभिषेक होगा


वहीं तोपों की सलामी के साथ जन्माभिषेक होगा। ठाकुर श्रीजी के 425 लीटर दूध, 365 लीटर दही, 11 किलो घी, 85 किलो बूरा और 11 किलो शहद से जन्माभिषेक किया जाएगा। इस दौरान वेद पाठ भी होगा।

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