अपर सेशन न्यायालय महिला उत्पीड़न प्रकरण जोधपुर ने आज एक दहेज के मामले में पत्नी की हत्या करने वाले आरोपी पति को सात साल की सजा सुनाई है। न्यायाधीश शिवानी जौहरी भटनागर ने ये आदेश दिए।
राज्य सरकार की ओर से अपर लोक अभियोजक श्रवणसिंह राजपुरोहित सरवडी ने पैरवी करते हुए मामले को अत्यंत गंभीर प्रकृति का बताया और अभियुक्त को कठोर से कठोर दंड दिए जाने की अपील की। वहीं, आरोपी पक्ष की ओर से अदालत को बताया गया कि उसे मामले मे झूठा फंसाया गया, इसलिए नरमी बरतते हुए बरी किया जाए। दोनों पक्षों को सुनकर न्यायालय की पीठासीन अधिकारी शिवानी जौहरी भटनागर ने अभियुक्त किशोर को सात साल साधारण कारावास व बीस हजार रुपए के जुर्माने से दंडित किया है।
मामले के अनुसार डीसा गुजरात के रहने वाले रिजुमल ने अपनी पुत्री मीना का विवाह किशोर पुत्र किशनलाल, जोधपुर के साथ 28 नवम्बर 2004 को किया था। शादी के कुछ समय बाद से ही दहेज के लिए मीना को परेशान किया जाने लगा। इसी दौरान 31 दिसम्बर 2009 को डीसा में फोन किया गया कि उसकी पुत्री की मौत हो गई है। जोधपुर आकर उसने अपनी पुत्री को मृत हालत में देखा तो ससुराल वाले मौत का कारण अलग—अलग बता रहे थे। इस पर रिजुमल ने दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज करवाया था।