हरित क्रांति का संदेश लाने वाली इंदिरा गांधी नहर परियोजना में नहरी पानी नहीं मिलने से अब किसानों के सब्र का बांध टूट चुका है। किसानों ने आज से इंदिरा गांधी मुख्य नहर के जीरो हेड पर महापड़ाव कर कब्जा कर लिया है। क्षेत्र के किसानों को पानी नहीं मिलने तक महापड़ाव को निरंतर जारी रखने की चेतावनी दी है।
जानकारी के अनुसार, राजस्थान के जैसलमेर में लम्बे समय से नहरी पानी को तरस रहे किसानों ने आज मोहनगढ़ क्षेत्र की मुख्य नहर के जीरो हेड पर महापड़ाव कर आर-पार लड़ाई की चेतावनी दी है। लम्बे समय से पानी मुहैया नहीं होने पर किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं वहीं किसान कर्जदार होता जा रहा है। ऐसे में अपने हक के पानी के लिए किसानों को दर-दर की ठोकरें खानी पड़ रही हैं। किसानों का कहना है कि पहले भी नहरी पानी के आंदोलन को समझाइश के बाद शांत करवा दिया गया, लेकिन इस मर्तबा किसानों ने पानी मिलने पर ही महापड़ाव को समाप्त करने की शर्त रखी है।
किसानों ने आरोप लगाया कि जैसलमेर क्षेत्र के किसानों को अपने हक तक का नहरी पानी सुलभ नहीं हो रहा है। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते उनकी मांग नहीं मानी गई तो मुख्य नहर से बाड़मेर जिले के लिए जाने वाली पेयजल सप्लाई को ठप कर दिया जाएगा। उधर, किसानों के महापड़ाव को देखते हुए जिला प्रशासन व पुलिस ने भी सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता प्रबंध करने शुरू कर दिए हैं।