फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ब्लू व्हेल गेम की लास्ट स्टेज पर स्टूडेंट ने उठाया हैरत में डालने वाला यह कदम

Sat, 26 Aug 2017 08:27 AM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर 
विज्ञापन
ब्लू व्हेल गेम - फोटो : सांकेतिक चित्र
विज्ञापन
ब्लू व्हेल गेम खेलते-खेलते 16 साल के एक स्टूडेंट को इस गेम की लास्ट स्टेज पर हैरत में डालने वाला एक ऐसा टॉस्क मिला कि जिसे पूरा करने के लिए स्टूडेंट ने भी बड़ा कदम उठाया। वह चार दिन पहले घर से भागकर ट्रेन में बैठा और मुंबई पहुंच गया।
विज्ञापन


लेकिन उसकी तलाश में जुटी जयपुर कमिश्नरेट की पश्चिम जिले की करणीविहार थाना पुलिस ने भी कोई कसर नहीं छोड़ी और आखिरकार स्टूडेंट को कल सुरक्षित मुंबई के चर्चगेट रेल्वे स्टेशन से दस्तयाब कर लिया और बीती देर रात को जयपुर लेकर पहुंची। छात्र से आज विस्तृत पूछताछ की जाएगी।

फिलहाल उसे परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया है।यह बच्चा रेल्वे स्टेशन पर एकांत में गुमशुम अकेला बैठा था और उसके पास पुलिस को एक चाकू भी मिला है। डीसीपी अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि करणी विहार थाने में एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज करवाई कि उनका 16 वर्षीय बेटा 10 वीं कक्षा में पढ़ाई कर रहा था, 21 अगस्त को वापस घर नहीं लौटा। प्राथमिक जांच में सामने आया कि....
विज्ञापन

 
Trending Videos

जानिए क्या था आखिरी टॉस्क और कैसे किया पूरा

Blue Whale Suicide - फोटो : Youtube
​लापता हुआ बच्चा राहुल शर्मा स्कूल व घर पर ब्लू व्हेल गेम खेलता था। उसके बाद पुलिस ने तुरंत मोबाइल लोकेशन के आधार पर तलाश शुरु की। प्राथमिक जांच में सामने आया कि राहुल को गेम में इन्दौर जाने का टास्क मिला था। इसके लिए वह 21 जुलाई को ट्रैन से इन्दौर पहुंच गया।

उसके बाद मुम्बई का टास्क मिला तो वह मुम्बई पहुंचकर टास्क के अनुसार राहुल मुम्बई पहुंचकर एक चाकू खरीद लिया। उसके बाद लास्ट स्टेज पार करने के लिए बिल्डिंग पर जाने का टास्क था, जिसके लिए रेल्वे स्टेशन का इंतजार कर रहा था। तब तक पुलिस पहुंच गया। राहुल के पास दो मोबाइल हैण्डसेट व 4 सिम कार्ड रखे हुए थे। रास्ते में चलते-चलते बार सिम कार्ड बदल रहा था। 
 
विज्ञापन

और फिर इस तरह मुंबई में ढूंढ निकाला

Blue Whale Challenge - फोटो : demo pic
हैड कांस्टेबल बाबू लाल ने बताया कि राहुल बार-बार सिम कार्ड बदल रहा था, जिसके चलते कई जगह दिक्कत आई, लेकिन आईटी टीम हैण्डसेट के इएमआई नंबर के आधार लोकेशन ट्रेस करके आगे का रास्ता बताते रहे। पुलिस टीम के साथ बच्चे के परिजन भी थे।

रेल्वे स्टेशन की लोकेशन मिलने के बाद करीब दो घंटे घूमने के बाद एक कोने में गुमशुम बैठे लड़के पर नजर पड़ी तो परिजनों ने पहचान लिया। उसके बाद बच्चे से मोबाइल व चाकू ले लिया और अब बीती देर रात करीब साढ़े 11 बजे लेकर जयपुर पहुंचे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें