वर्तमान समय में देश की सबसे मजबूत पार्टी भारतीय जनता पार्टी को और मजबूत बनाने के लिए जहां प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और अमित शाह दिन रात मेहनत कर रहे हों लेकिन उनकी पार्टी के कुछ नेता ऐसे भी हैं जिनके आपसी मनमुटाव खत्म ही नहीं हो रहे हैं।
शिक्षा राज्यमंत्री वासुदेव देवनानी और महिला एवं बाल विकास राज्यमंत्री अनीता भदेल के बीच का मनमुटाव शायद ही किसी बड़े नेता से छिपा हो। यह आपसी मतभेद कम होने की बजाय बढ़ता जा रहा है। इन दिनों हर बैठक में किसी ना किसी बात पर दोनों मंत्रियों की गुटबाजी सामने आ ही जाती है।
रविवार को यूडीएच मंत्री श्रीचंद कृपलानी बैठक लेने और यहां की व्यवस्थाएं देखने अजमेर आए थे। बैठक में उन्होंने भदेल और देवनानी को पास-पास बैठाने के लिए अपनी कुर्सी छोड़ दी। दोनों कृपलानी की बात रखने के लिए पास बैठ भी गए। बात तब बिगड़ी जब भाजपा शहर अध्यक्ष अरविंद यादव ने जिले के विकास कार्यों को एक साथ गिनाया तो इसका एडीए चैयरमेन शिव शंकर हेड़ा ने विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि शहर के विकास कार्य अलग से दर्शाने चाहिए थे, इस पर यादव ने उन्हें यह कहकर चुप करवाया कि कहीं भी काम हुआ करवाया पार्टी ने ही है, ऐसे में इसे मुद्दा नहीं बनाया जाए।
यह सुनकर मंत्री भदेल ने हाल ही में सम्पन्न करवाई गई क्रिकेट प्रतियोगिता का जिक्र शुरू कर दिया तो यादव तमतमा उठे और उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता उनके स्तर पर हुई थी इसमें पार्टी को तवज्जो नहीं दी गई। दोनों के बीच हुई नोक झोंक को मंत्री कृपलानी व अन्य भाजपा नेताओं ने समझा बुझाकर शांत करवाया।
सोमवार दोपहर मंत्री भदेल ने अलग से प्रेस नोट जारी कर उनके द्वारा गत वर्ष में करवाए गए कार्यों की जानकारी दी गई। जिसमें बताया गया कि 188.60 करोड़ रूपए के विकास कार्यों को स्वीकृति अपने विधायक कोष से स्वीकृत किए हैं। उन्होंने हर एक विकास कार्य की जानकारी भी इसमें दी गई।