नो हॉर्न जोन में आते ही व्हीकल्स अपने आप खामोश हो जाएंगे। ड्राइवर चाह कर भी हॉर्न नहीं बजा पाएगा। यह होगा एक खास डिवाइस की बदौलत।
जैसलमेर के सपूत रविन्द्र विश्नोई ने नो-हॉर्न जोन के लिए एक अनूठी डिवाइस तैयार की है। यह डिवाइस रविन्द्र ने विशेष तौर पर विद्यालयों, अस्पतालों, न्यायालयों तथा जहां वाहन रुकते हैं, उन इलाकों के लिए बनाई है।
रविन्द्र ने बताया कि इस डिवाइस का नाम नो नॉइज पॉल्यूशन रखा गया है। यह रेडियो फ्रिक्वेंसी पर काम करेगी। जिस क्षेत्र में हॉर्न ब्लाक करना होगा, वहां ट्रांसमीटर लगेगा, वहीं गाडियों में रिसीवर भी होंगे। गाड़ी जैसे ही नो हॉर्न जोन में आएगी ट्रांसमीटर से गाड़ी में लगे रिसीवर को संकेत मिलेगा और वह काम करना शुरू कर देगा। गाड़ी का हॉर्न ब्लॉक हो जाएगा और ड्राइवर चाह कर भी हॉर्न नहीं बजा सकेगा।
वाहन जब इस जोन से बाहर निकलेगा तो हॉर्न अपने आप सामान्य स्थिति में आ जाएगा। 11वीं कक्षा का छात्र रविन्द्र अपने डिवाईस को पेटेंट करवाने के प्रयास में भी जुटा है।