फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

असंसदीय व्यवहार: सात दिन के लिए सदन से निलंबित किए गए भाजपा विधायक दिलावर

Tue, 16 Mar 2021 10:43 PM IST
गौरव पाण्डेय पीटीआई, जयपुर
विज्ञापन
भाजपा विधायक मदन दिलावर (फाइल फोटो) - फोटो : Facebook
विज्ञापन

भाजपा विधायक मदन दिलावर को विधानसभा में उनके 'असंसदीय' व्यवहार के लिए मंगलवार को सात दिन के लिए सदन की कार्यवाही से निलंबित कर दिया गया। दरअसल, सदन में जब निर्दलीय विधायक संयम लोढ़ा शिक्षा, कला और संस्कृति के लिए अनुदान मांगों पर बोल रहे थे तो दिलावर ने उन्हें बाधित किया और उनके पास जाकर नारेबाजी करने लगे।

विज्ञापन


यह वाकया उस समय हुआ जब जब फोन टैपिंग मुद्दे को लेकर भाजपा विधायक आसन के सामने आकर नारेबाजी कर रहे थे। लोढ़ा ने दिलावर के व्यवहार पर आपत्ति जताई। विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी ने दिलावर को आगाह किया लेकिन उन्होंने अध्यक्ष के निर्देश का पालन नहीं किया। इस पर अध्यक्ष ने संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल से भाजपा विधायक को निलंबित करने का प्रस्ताव लाने को कहा।

धारीवाल ने दिलावर को सात दिन के लिए सदन की कार्यवाही से निलंबित करने का प्रस्ताव रखा जिसे ध्वनि मत से पारित कर दिया गया। इसके बाद अध्यक्ष ने मार्शलों से विधायक को सदन से बाहर ले जाने को कहा और सदन की कार्यवाही आधे घंटे के लिए स्थगित कर दी। इसी सत्र में दूसरी बार भाजपा के किसी विधायक को सदन की कार्यवाही से बाहर किया गया है। 
विज्ञापन


इससे पहले दो मार्च को भाजपा विधायक वासुदेव देवनानी को दिन भर के लिए सदन की कार्यवाही से बाहर कर दिया गया था। इससे पहले राजस्थान में कथित फोन टैपिंग का मुद्दा मंगलवार को विधानसभा भी में उठा जहां इस मुद्दे पर स्थगन प्रस्ताव को मंजूरी नहीं दिए जाने पर भारतीय जनता पार्टी के विधायकों ने हंगामा किया और नारेबाजी की। 

भाजपा विधायकों के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही चार बार के लिए स्थगित करनी पड़ी। इससे पहले विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी ने इस मुद्दे पर भाजपा द्वारा लाए गए स्थगन प्रस्तावों को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि अगर विपक्ष चर्चा चाहता है तो कुछ लिखित में दे  क्योंकि वह हवा में चर्चा नहीं करवा सकते।

विज्ञापन

सवाल के जवाब में गलत तथ्य देने पर दो अधिकारी निलंबित

राजस्थान सरकार ने विधानसभा में पूछे गए एक सवाल के जवाब में गलत तथ्य देने पर दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। खेल राज्य मंत्री अशोक चांदना ने मंगलवार को विधानसभा में यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि 15 मार्च को विधानसभा में एक प्रश्न के जवाब में गलत तथ्य प्रस्तुत करने के कारण दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है जिनमें जिला पाली के प्रभारी अधिकारी लहरी दास व जिला खेल अधिकारी पाली ओम प्रकाश बारिया हैं।

अशोक चांदना ने बताया कि इसके अलावा जिला उदयपुर के प्रभारी अधिकारी शकील हुसैन, विधानसभा प्रकोष्ठ प्रभारी राजस्थान क्रीड़ा परिषद श्यामवीर सिंह व सहायक अभियंता राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद विनोद कुमार वर्मा को नोटिस जारी किया जा चुका है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें