स्वच्छ भारत अभियान में राजस्थान का प्रदर्शन खास नहीं रहा। इस मामले को लेकर सरकार गंभीर है और जिन अफसरों की इस मामले में लापरवाही रही है, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान का नारा दिया है। राजस्थान इस अभियान की परफोर्मेंस के मामले में पिछड़ा साबित हुआ है। ऐसे में अधिकारियों पर नकेल कसने की तैयारी राज्य सरकार ने कर ली है। हाल में जो सर्वेक्षण हुआ था उनमें राजस्थान का एक भी शहर टॉप 150 में शामिल नहीं हो पाया। इससे सरकार की राष्ट्रीय स्तर पर बदनामी हुई है। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी इस मामले में खासी नाराज है।
खुले में शौच मुक्ति अभियान में लापरवाही और सफाई नहीं होने पर संबंधित नगर पालिका, परिषद औ निगमों के अधिकारियों को नोटिस देकर जवाब तलब किया जाएगा। गंभीर लापरवाही के मामले में अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई भी होगी। इन्हें 16 सीसी एवं 17 सीसी के नोटिस थमाए जाएंगे। इसको लेकर यूडीएच मंत्री श्रीचंद कृपलानी ने भी स्वायत्त शासन विभाग को निर्देश दिए हैंं।