एआईएमआईएम चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने शनिवार शाम राजस्थान में जुनैद और नासिर के परिवारजनों से मुलाकात की। उन्होंने पीड़ितों को यह भरोसा दिलाया कि उनकी पूरी पार्टी उनके साथ खड़ी है। इस दौरान ओवैसी ने भाजपा सरकार पर भी निशाना साधा।
राजस्थान दौरे पर आए ओवैसी ने कहा कि अगर राजस्थान सरकार ने जुनैद और नासिर की गुमशुदगी की शिकायत पर तत्काल कार्रवाई की होती तो वह (अपहरणकर्ता) राजस्थान की सीमा पार नहीं कर पाते। उन्होंने कहा कि आरोपियों का मानेसर से 150 किलोमीटर दूर आना और दोनों को बेतहाशा पीटना और बाद में उनके जले हुए शव और जली हुई कार मिलना यह एक दर्दनाक वाकया है। पुलिस के अनुसार, युवक के परिजनों ने पुलिस को दी शिकायत में दावा किया है कि जिन लोगों ने नासिर और जुनैद का अपहरण किया वे बजरंग दल से जुड़े हैं। ओवैसी ने आरोप लगाया कि अगर भाजपा ऐसे कट्टरपंथियों को पनाह देती रहेगी तो यह देश के लिए ठीक नहीं है।
ओवेसी ने कहा कि ये घटनाएं सिर्फ इसलिए होती हैं, क्योंकि भाजपा ऐसे संगठनों की मदद करती है, उनको ताकत देती है और इनकी सरपरस्ती करती है, जिसके कारण पुलिस और प्रशासन फौरन कार्रवाई नहीं करते हैं। उन्होंने कहा कि यह केवल मुसलमानों का मामला नहीं है, बल्कि उन सभी लोगों का है जो कानून और संविधान में विश्वास करते हैं। कानून हाथ में लेने का अधिकार किसी को नहीं है। वरना पुलिस प्रशासन और अदालतों की जरूरत ही क्या रह जाएगी। मृतक के परिवारजनों से ओवैसी ने मुलाकात की और उन्हें आश्वस्त किया कि वे सरकार से उन्हें न्याय दिलाएंगे।
जली बोलेरो में मिले जुनैद और नासिर के कंकाल...
राजस्थान के भरतपुर जिले के घाटमीका गांव के निवासी नासिर (25) और जुनैद उर्फ जूना (35) का 15 फरवरी को कथित तौर पर अपहरण कर लिया गया था और उनके शव 16 फरवरी की सुबह भिवानी के लोहारू में एक जली हुई कार में मिले। पुलिस ने कहा कि जुनैद का गोवंश तस्करी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसके खिलाफ अलग-अलग थानों में पांच मामले दर्ज हैं।