राजस्थान हाईकोर्ट ने तृतीय श्रेणी अध्यापक भर्ती-2013 में चयनित अभ्यर्थी को एक माह में नियुक्ति के आदेश दिए हैं। अदालत ने कहा कि भर्ती के संबंध में आरटेट के अंकों का विवाद उच्चतम न्यायालय से तय हो चुका है। ऐसे में अब याचिकाकर्ता को नियुक्ति दी जाए।
न्यायाधीश एसपी शर्मा की एकलपीठ ने यह आदेश पुष्पा मीना की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता ढंड़ ने बताया कि याचिकाकर्ता का तृतीय श्रेणी अध्यापक भर्ती-2013 में एसटी वर्ग में उत्तीर्ण हो गया था, लेकिन उसे यह कहते हुए नियुक्ति नहीं दी गई कि आरटेट में साठ फीसदी से कम अंक का मामला उच्चतम न्यायालय में लंबित है। याचिका में कहा गया कि गत अक्टूबर माह में उच्चतम न्यायालय तय कर चुका है कि आरक्षित वर्ग को आरटेट के अंकों में छूट दी जाए। इसके बावजूद भी याचिकाकर्ता को शिक्षक पद पर नियुक्ति नहीं दी जा रही है। जिस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने राज्य सरकार को एक माह में याचिकाकर्ता को नियुक्ति देने के आदेश दिए हैं।