नगर निगम जयपुर ने बुधवार को मोबाइल कंपनी ओप्पो के दफ्तर को सील कर दिया है। बताया जा रहा है कि इस मोबाइल कंपनी ने नगर निगम को विज्ञापन संबंधी एक बड़ी रकम का भुगतान नहीं किया। इस पर उसे बार-बार नोटिस दिए गए। लेकिन इसके बावजूद कंपनी उन्हें नजरअंदाज करती रही। इसके बाद निगम के मानसरोवर जोन की ओर से बुधवार को यह कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार ओप्पो मोबाइल कंपनी की ओर से शहर में विज्ञापन संबंधी होर्डिंग-बोर्ड इत्यादि लगाए जाने के बदले करीब 2 करोड़ 32 लाख रुपए की रकम नगर निगम की राजस्व शाखा में जमा करवानी थी। लेकिन कंपनी ने यह रकम जमा नहीं करवाई। बुधवार को मानसरोवर जोन के निगम का दस्ता रिद्धि-सिद्धि चौराहे पर स्थिति ओप्पो कंपनी के दफ्तर पहुंचा। वहां अफसरों ने सभी कर्मचारियों को तत्काल दफ्तर से बाहर निकलने को कह दिया। इससे कर्मचारी भी सकपका गए। कर्मचारियों के विरोध पर निगम अफसरों ने नोटिस दिखाया। इसके बाद वे शांत होकर बाहर चले गए। इसके बाद निगम ने दफ्तर के गेट बंद कर उसे सील कर दिया और बाहर नोटिस चस्पा कर दिया।
गौरतलब है कि इससे पहले जून के पहले सप्ताह में नगर निगम जयपुर ने बाजारों में लगे विभिन्न कंपनियों के होर्डिंग्स को लेकर विज्ञापन की राशि कलेक्ट करने का अभियान शुरू किया था। इसके बाद चाइनीज मैनेजमेंट ने शुल्क के भुगतान किए जाने का आश्वासन भी दिया था। लेकिन नोटिस देने के बाद दो सप्ताह से ज्यादा बीतने पर भी भुगतान जमा नहीं करवाया गया। इस पर निगम ने बुधवार को मंगलम टॉवर पर बने दफ्तर को दफ्तर सील करने की कार्रवाई की।