मुख्यमंत्री राजे गुरुवार शाम खुद घायलों की कुशलक्षेम लेने व मृतकों के परिवारों को ढांढस बंधाने भरतपुर पहुंची। मुख्यमंत्री बांसवाड़ा स्थित त्रिपुरा सुंदरी के दर्शन के बाद हैलीकॉप्टर से सीधे भरतपुर के लिए रवाना हुईं। भरतपुर पहुंचकर सीधे आरबीएम अस्पताल में घायलों से मिलने पहुंची।
भरतपुर के सेवर में बुधवार रात को अन्नपूर्णा मैरिज गार्डन में दीवार गिरने से करीब 24 लोगों की मौत हो गई थी और चालीस से ज्यादा घायल हो गए थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरा प्रदेश एक परिवार की तरह हैं और इस दुख की घड़ी में हम सभी एक साथ हैं। इस गंभीर हादसे के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। पूरी गंभीरता के साथ जांच की जाएगी। साथ ही पीड़ितों के साथ प्रदेश की सरकार हमेशा रहेगी। इससे पहले चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ ने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि प्रदेश भर में अभियान चलाया, जिसमें मैरिज गार्डन को लेकर जांच होगी। एक टैम्प्लेट बनाया जाएगा, जिसे भरवाया जाएगा। जो खरे नहीं उतरेंगे उन पर कार्रवाई होगी। दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। मैंने त्रिपुरा संदुरी के मंदिर में भी घायलों के लिए भी दुआएं मांगी है।
सराफ के अनुसार हादसे की जांच के लिए राजस्थान सरकार ने तीन तरह की कमेटियां बनाने के आदेश दिए हैं। हर कमेटी को अलग तरह की जांच करने का काम दिया जाएगा। सभी कमेटियां सात दिन में अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेंगी।
चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ ने कहा कि रिपोर्ट के आधार पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, जिससे एेसी लापरवाहियां रुक सकें। उन्होंने बताया कि गठित कमेटियों में पहली कमेटी जिले में मौजूद विवाह स्थलों की जांच करेगी। वहां मौजूद व्यवस्थाओं, लाइसेंस समेत अन्य इंतजामात में खामियों को देखा जाएगा।
वहीं, दूसरी खबर अन्नमूर्णा मैरिज हॉल जहां पर हादसा हुआ, इस विवाह स्थल की जांच और हादसे का कारणों की जांच की जाएगी। साथ ही, तीसरी कमेटी में हादसे के बाद अस्पताल में लाइट गुल होने के कारणों व वहां हुई अव्यवस्था की जांच करेगी। चिकित्सा मंत्री ने कहा कि इस तरह सरकार की कोशिश है कि हर पहलू की जांच की जाए।