केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज
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केरल में कोरोना के साथ-साथ जीका वायरस से भी संक्रमितों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने गुरुवार को बताया कि राज्य में जीका वायरस के पांच और मामले सामने आए हैं, जिससे राज्य में कुल मामलों की संख्या 61 हो गई है। जिनमें से सात सक्रिय मामले हैं। इसके साथ ही उन्होंने राज्य में कोरोना के 22,064 नए मामले दर्ज किए जाने पर सफाई दी है। वहीं, कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच शुक्रवार की शाम को एक केंद्रीय दल तिरुवनंतपुरम पहंच गया है।
जॉर्ज ने कहा कि हम इन दिनों अधिकतम परीक्षण कर रहे हैं। बुधवार को हमने 1.96 लाख से अधिक परीक्षण किए, गुरुवार को हमने 1.63 लाख से अधिक परीक्षण किए। इसलिए, हम और परीक्षण करने की कोशिश कर रहे हैं।
जॉर्ज ने कहा कि हम सभी सकारात्मक मामलों का पता लगाना चाहते हैं, क्योंकि हम इन्हें घटाना चाहते हैं और यह भी सुनिश्चित करना चाहते हैं कि कोरोना की तीसरी लहर नहीं आ पाए। हम स्थिति को नियंत्रण में लाना चाहते हैं, इसलिए हम अधिक से अधिक परीक्षण कर रहे हैं, इसलिए इन दिनों सकारात्मक मामले अधिक आ रहे हैं।
नए मामले सामने आने पर हो रही आलोचना पर उन्होंने कहा कि यह केरल के खिलाफ सुनियोजित अभियान है। विभिन्न राज्यों के सभी विशेषज्ञों का कहना है कि हमारे पास बहुत अच्छा रक्षा तंत्र है। आईसीएमआर के सीरो सर्वे से पता चलता है कि लगभग 42 फीसदी लोगों में एंटीबॉडीज बनी हैं, यह दर्शाता है कि हमारा निवारक तंत्र बहुत अच्छा था।
वीना जॉर्ज ने कहा कि कुल आबादी का 50 फीसदी से अधिक अभी भी अप्रभावित है। इस चरण में जिस प्रकार का कोरोना वायरस फैल रहा है, वह डेल्टा वायरस है, जिसकी संक्रामकता अधिक है। इसलिए स्वाभाविक रूप से हम अपनी तरफ से पूरी कोशिश कर रहे हैं।
जॉर्ज ने केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव की ओर से केरल के स्वास्थ्य सचिव को पत्र लिखे जाने के मामले पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि मुझे उस पत्र के बारे में कोई जानकारी नहीं है। ऐसा कोई संवाद नहीं हुआ है। इस बारे में मुझे नहीं पता क्योंकि मुझे इसकी जानकारी नहीं है। मुझे लगता है कि उन्हें (राज्य स्वास्थ्य सचिव) केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव से ऐसा कोई पत्र नहीं मिला है।