विक्रम और शालिनी (बदले हुए नाम) ने वैलेंटाइन डे पर साल 2016 में कोर्ट में शादी की थी। दोनों की धूमधाम से शादी हुई थी। इस जोड़े के पास सबकुछ था- अच्छी शक्ल, पैसा, बंगलूरू में आलीशान घर और एक अच्छा बैंकिंग करियर। एक साल के बाद दोनों की शादी में परेशानियां आने लगीं। विक्रम को लगने लगा कि शालिनी का किसी और से अफेयर चल रहा है।
शुरुआत में तो यह छोटी चीजें थीं लेकिन बाद में फोन पर बाथरुम के अंदर होने वाली बातें, अस्पष्ट अनुपस्थितियों की वजह से विक्रम शालिनी से सवाल पूछता लेकिन उसके जवाव उसे संतुष्ट नहीं कर पाते थे। इसके बाद उसने फैसला लिया कि वह देखेगा कि शालिनी घर में अकेला होने पर क्या करती है। उसने ऑनलाइन शॉपिंग साइट्स पर छोटे, मोशन एक्टिवेटिड,
स्पाई कैमरों और आसानों से छुपने वाले कैमरों की तलाश शुरू कर दी जिसे वाईफाई राउटर के जरिए मोबाइल से नियंत्रित किया जा सके।
विक्रम ने 2000 रुपए के हिसाब से सात कैमरा खरीद लिया। उसने 6 कैमरों को अपने घर के अंदर और एक को गेट की खाली जगह पर लगा दिया। विक्रम समय-समय पर अपने फोन से स्पाई कैमरे की फुटेज देखा करता था लेकिन बहुत दिनों तक उसे कुछ नहीं मिला। एक दिन उसका शक यकीन में बदल गया। उसने गेट में लगे कैमरे से शालिनी को एक आदमी के साथ अंदर आते हुए देखा।
यह वही आदमी था जिसके साथ वह पहले रिलेशनशिप में रह चुकी थी। स्पाईकैमरे से पता चला कि यह रिलेशनशिप अभी भी था। जिसके बाद दोनों के बीच काफी बहस हुई। फिलहाल यह जोड़ा पारिवारिक अदालत में तलाक के लिए एक-दूसरे के सामने खड़ा है। यह अकेली ऐसी कहानी नहीं है। इस तरह की हजारों कहानियां हैं जिसमें पति या पत्नी अपने साथी की जासूसी करते हैं।