'हर सत्तारूढ़ सरकार को मिलता है लाभ'
राजनीतिक विश्लेषक सुनील पांडेय ने अमर उजाला से कहा कि इस तरह की किसी भी बड़ी उपलब्धि का सत्तारूढ़ दल को हमेशा लाभ मिलता है। बांग्लादेश युद्ध में भारत की जीत होने पर इसका लाभ इंदिरा गांधी को मिला था। तब इसे केवल सैनिकों की जीत नहीं करार दिया गया था, बल्कि इसे इंदिरा गांधी की उपलब्धि करार दिया गया था। इससे प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की छवि तेज तर्रार नेता की बनी और विपक्ष उनकी छवि के आसपास भी नहीं पहुंच पाया।
इसी प्रकार जब पोखरण में परमाणु विस्फोट किया गया, तब उसका लाभ अटल बिहारी वाजपेयी को हुआ था। अटल बिहारी 2004 का चुनाव अवश्य हार गए, लेकिन आज भी पोखरण विस्फोट को उनकी उपलब्धि के तौर पर देखा जाता है। पाकिस्तान के बालाकोट में सर्जिकल स्ट्राइक करने का पीएम नरेंद्र मोदी को लाभ हुआ था। 2019 में भाजपा की ऐतिहासिक सफलता में इस सर्जिकल स्ट्राइक की बड़ी भूमिका रही थी।
उन्होंने कहा कि चंद्रयान 3 के लिए इसरो को लगातार प्रोत्साहित करने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की भूमिका को हमेशा याद किया जाएगा और 2024 में उन्हें इसका राजनीतिक लाभ भी मिलेगा।
'कोई लाभ नहीं होगा'
राजनीतिक विश्लेषक आशुतोष ने अमर उजाला से कहा कि देश की जनता बहुत प्रबुद्ध है। वह राजनीतिक सफलता और वैज्ञानिक सफलता में अंतर करना जानती है। चूंकि, यह देश के वैज्ञानिकों की मेहनत का परिणाम है, और जनता इस सच को समझ रही है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इसका कोई लाभ नहींं मिलेगा।
आशुतोष ने कहा कि प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर लोगों को संबोधित करते हुए परिवारजनों शब्द का उपयोग किया। इसके जरिए वे लोगों से ज्यादा आत्मीय संबंध बनाकर अपनी उन गलतियों से बचने की कोशिश कर रहे हैें। लेकिन पीएम को 2024 के चुनाव में अपने दस साल के कामकाज का जवाब देना पड़ेगा और वे इससे बच नहीं सकते।
'पीएम मोदी पर जनता को भरोसा'
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रेम शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश को आगे बढ़ाने के किसी भी अवसर पर हमेशा आगे रहते हैं। चाहे खिलाड़ियों को प्रोत्साहन देने की बात हो या छात्रों-वैज्ञानिकों की वे हमेशा सबसे आगे बढ़कर उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े दिखते हैं। इसीलिए देश की जनता को उनपर भरोसा है।