पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़
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पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने रविवार को बंगाल पुलिस पर ताकत के दुरुपयोग करने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हाल ही में कथित रूप से पुलिस द्वारा एक सिख व्यक्ति के पगड़ी को खींचना बेहद शर्मनाक और अपमानित करने वाला कृत्य था। राज्यपाल ने सरकार से कार्रवाई की मांग की है।
उन्होंने कहा कि पुलिस के इस कृत्य से सिख समाज अपमानित महसूस कर रहा है। धनखड़ ने कहा कि दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष मनिंदर सिंह सिरसा ने ट्वीट के जरिए ममता बनर्जी को इस घटना के बारे में सूचित करते हुए इसे पूरे सिख समाज के लिए अपमानजनक बताया है। उन्होंने ट्विटर पर राजभवन में प्रतिनिधिमंडल की यात्रा के वीडियो का लिंक भी संलग्न किया।
सिरसा ने धनखड़ को लिखे अपने पत्र में कहा कि पश्चिम बंगाल के पुलिस कर्मियों द्वारा बल का अत्यधिक उपयोग संविधान के धर्मनिरपेक्षता के खिलाफ है। धनखड़ ने कहा कि राज्यपाल के रूप में मैंने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया है कि इस तरह के कृत्य के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
क्या था मामला
दरअसल हावड़ा में भाजपा कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प के दौरान कथित रूप से एक सिख की पिटाई और पगड़ी उतारने का मामला सामना आया। भाजपा ने इसे भटिंडा निवासी बलविंदर सिंह का अपमान बताया। पार्टी ने कहा कि पुलिस ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।
वहीं मामला बढ़ता देख बंगाल पुलिस ने भी सफाई करते हुए कहा कि उसकी ऐसी कोई मंशा नहीं थी। बंगाल पुलिस का कहना है कि बलविंदर से पिस्टल छीनने के दौरान पगड़ी अपने आप गिर गई।