पश्चिम बंगाल में आज दूसरे चरण का चुनाव होना है। इसके लिए सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) से लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) तक ने कमर कस ली है। वहीं, कांग्रेस और वाम दल भी बुधवार को अपनी खोई हुई जमीन को वापस पाने के लिए की उम्मीद करेंगे। जहां पहले चरण में बंगाल में पिछले सभी चुनावों के मतदान का रिकॉर्ड टूटा था और यह 93.19 फीसदी दर्ज हुआ था। वहीं, इस बार भी आंकड़े नए रिकॉर्ड बनाने की ओर हैं।
ऐसे में यह जानना अहम है कि पश्चिम बंगाल में कितने मतदाता नई सरकार को चुनने वाले हैं? इस बार राज्य में मैदान में कितने प्रत्याशी हैं? 2021 के विधानसभा चुनाव में कितनी वोटिंग हुई थी? किन सीटों पर सबसे ज्यादा और सबसे कम मतदान हुआ था? आइये जानते हैं...
पश्चिम बंगाल में कितने मतदाता नई सरकार को चुनने वाले हैं?
पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण में 142 सीटों पर मतदान हुए। इन सीटों पर कुल 1448 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इनकी किस्मत का फैसला 3.21 करोड़ मतदाता करेंगे। इनमें 1.64 करोड़ पुरुष और 1.57 करोड़ महिला मतदाता हैं। सुचारू रूप से मतदान के लिए 80 हजार से ज्यादा मतदान केंद्र बनाए गए।
2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान राज्य में 82.17% वोटिंग हुई थी। राज्य की मीनाखान विधानसभा सीट पर 2021 में सबसे ज्यादा 90 फीसदी मतदान हुआ था। वहीं, जोरासांको विधानसभा सीट पर सबसे कम मतदान हुआ था। यहां सिर्फ 50% लोगों ने वोट डाला था।
पहले चरण में क्या था वोटिंग का हाल?
पश्चिम बंगाल में गुरुवार (23 अप्रैल) को विधानसभा चुनाव के लिए पहले चरण का मतदान संपन्न हुआ। इस चरण में राज्य की 294 में से 152 सीटों पर वोटिंग हुई। कुल वोटिंग 93.19 फीसदी रही। इस लिहाज से अगर आंकड़ों को देखा जाए तो बंगाल चुनाव के पहले चरण में कुल 3 करोड़ 60 लाख 77 हजार मतदाताओं में से करीब 3 करोड़ 36 लाख 20 हजार लोगों ने वोट डाला। यह आंकड़ा भी पोस्टल बैलट की वोटिंग की गणना के बाद और बढ़ सकता है। यानी बंगाल में वोट प्रतिशत काफी अधिक रहने की संभावना है।