बारिश के बाद अलग-अलग इलाकों का हाल
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हिमाचल प्रदेश में मानसून की शुरुआत के साथ भारी बारिश और भूस्खलन से कई जिलों में व्यापक नुकसान हुआ है। लाहौल-स्पीति में दो और चंबा में एक स्थान पर बादल फटने से सड़कें, फसलें और संपर्क मार्ग प्रभावित हुए। मंडी जिले में पहाड़ी से गिरे पत्थर की चपेट में आने से एक महिला की मौत हो गई। प्रदेश आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार 35 सड़कें बंद हैं और 127 बिजली ट्रांसफार्मर प्रभावित हुए हैं।
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उत्तराखंड के पांच जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। बाकी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक फिलहाल बारिश से निजात मिलने के आशार नहीं है। कई इलाकों में भूस्खलन के खतरों को लेकर भी आगाह किया गया है। टिहरी जनपद सहित पहाड़ी क्षेत्रों में बीते कल से लगातार हो रही तेज बारिश का असर अब नदी-नालों में साफ दिखाई देने लगा है। भिलंगना विकासखंड के नैलचामी गाड़ में पानी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है, जिससे आसपास के क्षेत्रों में सतर्कता बरती जा रही है।
सामान्य से 251% अधिक बारिश: मौसम विभाग के मुताबिक हिमाचल में 30 जून की रात से एक जुलाई की शाम तक प्रदेश में सामान्य से 251 फीसदी अधिक बादल बरसे। इस अवधि में 4.1 मिलीमीटर बारिश को सामान्य माना गया है, जबकि 14.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। बिलासपुर में सामान्य से 308, चंबा में 544, हमीरपुर में 305, कांगड़ा में 572, कुल्लू में 501, मंडी में 171, शिमला में 11, सोलन में सात और ऊना में 3 फीसदी अधिक बारिश हुई। किन्नौर में सामान्य से 100, लाहौल-स्पीति में 64 और सिरमौर में 69 फीसदी कम बारिश दर्ज हुई।
असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर
असम के छह जिलों में 46,938 से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित हैं, जबकि 3,809 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि पानी में डूब गई है। धेमाजी, लखीमपुर, बिस्वनाथ, नलबाड़ी, डिब्रूगढ़ और चिरांग जिले सबसे अधिक प्रभावित हैं। इन जिलों के 10 राजस्व सर्किलों के 221 गांव बाढ़ की चपेट में हैं।
अरुणाचल प्रदेश में भी हालात नाजुक हैं। कई इलाकों का संपर्क कटने की भी खबर है। एक दिन पहले यहां केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और किरेन रिजिजू बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करने पहुंचे थे।
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दक्षिण-पश्चिम भारत में भी झमाझम बारिश
महाराष्ट्र के अलावा कर्नाटक में में भारी बारिश हो रही है। मुंबई में बीते दो दिनों से लगातार बारिश से इतर पालघर जिले में अगले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया गया है। कर्नाटक के मंगलूरू में भारी बारिश के दौरान हुए भूस्खलन के नीचे एक मकान के दब जाने से एक महिला और उसकी दो बच्चियों की मौत हो गई।