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SIR Row: एसआईआर के खिलाफ विजय की टीवीके ने खटखटाया सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा; अब तक इतने दलों ने दायर की याचिका

Sun, 23 Nov 2025 02:01 PM IST
पवन पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली / चेन्नई

सार

देश में एसआईआर के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कई राज्यों में तेज होने लगा है। पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरल में प्रदर्शन देखने को मिल रहे हैं। अब इसमें अभिनेता से राजनेता बने विजय की पार्टी टीवीके भी शामिल हो गई है। टीवीके ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। पढ़ें पूरा मामला..
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एसआईआर के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची विजय की पार्टी - फोटो : ANI
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विस्तार
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अभिनेता से राजनेता बने विजय की पार्टी तमिलागा वेट्री कजगम (टीवीके) ने तमिलनाडु में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) करने के चुनाव आयोग (ईसीआई) के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। इससे पहले टीवीके ने राज्य में एसआईआर के खिलाफ राज्यव्यापी विरोध-प्रदर्शन किया था। टीवीके एसआईआर के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करने वाली देश की उन चुनिंदा दलों में शामिल हो गई, जिन्होंने इसका विरोध किया है।
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सुप्रीम कोर्ट में इन-इन दलों ने दायर की याचिका
  • डीएमके
  • सीपीआईएम
  • टीएमसी
  • कांग्रेस (पश्चिम बंगाल)
  • आईयूएमएल
एसआईआर को लेकर विपक्षी दलों का आरोप
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विपक्षी दलों, खासकर कांग्रेस और 'इंडिया' गठबंधन के घटक दलों का आरोप है कि एसआईआर की प्रक्रिया में गंभीर विसंगतियां हैं और इसका उद्देश्य कुछ खास लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटाना है, जिससे चुनावों में लाभ पहुंचाया जा सके। हाल ही में एसआईआर से जुड़े कुछ लोगों की मौत की खबरें भी आई हैं, हालांकि इन मौतों के कारणों की स्वतंत्र जांच की मांग की जा रही है। विपक्षी दलों का यह भी आरोप है कि चुनाव आयोग निष्पक्ष नहीं है और सत्ताधारी दल के पक्ष में काम कर रहा है। 
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चुनाव आयोग और केंद्र सरकार की सफाई
इस पूरे मामले में चुनाव आयोग का कहना है कि एसआईआर की प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी और नियमों के मुताबिक की जा रही है और यह वोटर लिस्ट को शुद्ध करने का प्रयास है। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि नाम हटाने के खिलाफ कोई अपील दर्ज नहीं की गई है, जिससे यह साबित होता है कि प्रक्रिया सही थी। राजनीतिक दलों की तरफ से लगाए गए आरोपों को आयोग ने निराधार बताया है। इस पर सरकार का कहना है कि मतदाता सूची को अपडेट करना एक सामान्य प्रक्रिया है और इसमें किसी तरह का हस्तक्षेप नहीं किया जा रहा है।

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इन 12 राज्यों में विशेष गहन पुनरीक्षण
निर्वाचन आयोग ने 27 अक्तूबर को केरल समेत 12 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में मतदाता सूचियों की शुद्धि का अभ्यास शुरू करने का एलान किया था। आयोग ने इसे एसआईआर का फेज-दो बताया है (बिहार में हुए एसआईआर को फेज-1 माना गया था)। बता दें कि एसआईआर का दूसरा चरण 4 नवंबर को शुरू हुआ और 4 दिसंबर तक चलेगा। एसआईआर की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम मतदाता सूची 7 फरवरी, 2026 को प्रकाशित की जाएगी। एसआईआर का दूसरा चरण अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पुडुचेरी, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल कराया जा रहा है।
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