क्या कहते हैं आंकड़े
राष्ट्रीय अपराध ब्यूरो ने 2016 की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में बलात्कार के मामले 2015 की तुलना में 12.4 फीसदी बढ़े हैं। 2016 में देश भर में बलात्कार के 38,947 मामले दर्ज हुए। इनमें सबसे ज्यादा केस 4,882 मध्य प्रदेश में हुए, जबकि दूसरे नंबर पर उत्तर प्रदेश रहा, यहां 4,816 बलात्कार के मामले दर्ज हुए। महाराष्ट्र तीसरे नंबर पर रहा, जहां 4,189 बलात्कार के मामले दर्ज हुए हैं। देश की राजधानी दिल्ली को सालाना सर्वेक्षण के बाद महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित शहर माना गया है।
अपराध सिर्फ महिलाओं के प्रति ही नहीं बढ़ रहा है बल्कि बच्चों के प्रति भी सूबा असुरक्षित हो गया है। रिपोर्ट पर नजर डालें तो 2016 में एमपी में जहां बच्चों के खिलाफ कुल 13,746 अपराध की घटनाएं दर्ज की गईं। वहीं उत्तर प्रदेश में यह आंकड़ा16,079 पर पहुंच गया जबकि महाराष्ट्र तीसरे नंबर पर 14,559 घटनाओं के साथ है।
चिंताजनक बात यह है कि प्रदेश में अपराध पिछले साल की तुलना में बढ़ गए हैं। अखिलेश सरकार के शासनकाल में कैग की रिपोर्ट में कहा गया था कि उत्तर प्रदेश में हर 12 मिनट में एक महिला के साथ बलात्कार की घटना घटती है।
| महिलाओं के खिलाफ अपराध |
2018 |
2017 |
2016 |
| दहेज हत्या |
502 |
873 |
751 |
| बलात्कार |
899 |
873 |
751 |
| शीलभंग |
2892 |
2333 |
1913 |
| अपहरण |
3573 |
3011 |
2644 |
| छेड़खानी |
248 |
127 |
147 |
| महिला उत्पीड़न |
3185 |
2243 |
2402 |
जनवरी से मार्च तक