राष्ट्रपति चुनाव में चुनाव आयोग एक अनोखा प्रयोग करने जा रहा है। चुनाव आयोग इस बार सीरियल नंबर वाली वायलेट स्याही के स्पेशल पेन का प्रयोग करेगा। रविवार को चुनाव आयोग ने कहा कि 15 जुलाई को लोकसभा के महासचिव और रिटर्निंग ऑफीसर को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि स्पेशल डिजाइन किये गये पेन वोटों की गोपनीयता बनाए रखने के लिए है।
स्पेशल पेन की खरीद मैसूर पेंटस और वार्निश लिमिटेड से की गई है। जोकि चुनाव आयोग द्वारा प्रयोग की जाने वाली अमिट स्याही की भी आपूर्ति करता है। चुनाव आयोग का कहना है कि विधायक और सांसद जब वोट डालने के लिए आएंगे तो उनसे साधारण पेन जमा करवा लिए जाएंगे। और उन्हे स्पेशल पेन दिए जाएंगे। वोट डालने के बाद प्रतिनिधियों को उनके पेन वापस कर दिए जाएंगे और स्पेशल पेन वापस ले लिए जाएंगे।
वहीं चुनाव आयोग ने क्या करें और क्या न करें वाले पोस्टर्स लगाने की पहल की है। चुनाव की वोटिंग 10 बजे से 5 बजे तक होगी। चुनाव के लिए कुल 32 पोलिंग स्टेशन बनाए गए हैं। जिसमें एक संसद भवन में और 31 राज्यों की विधानसभाओं में बनाए गए हैं।
इस बार बैलेट पेपर भी दो रंगों का होगा। हरे रंग के बैलेट पेपर का प्रयोग सांसद करेंगे और गुलाबी रंग के बैलेट पेपर का प्रयोग विधायक करेंगे। चुनाव आयोग ने 14 राज्यसभा सांसद और 41 लोकसभा सांसदों को राज्य विधानसभा में वोट देने की अनुमति दी है।
यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और उपमुख्यमंत्री केशव मौर्य जिन्होंने गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा से त्यागपत्र दे दिया था, यूपी विधानसभा में वोटिंग करेंगे। जबकि गोवा के सीएम मनोहर पर्रिकर जोकि अभी भी राज्यसभा सदस्य हैं, गोवा में वोट करेंगे। झांसी लोकसभा का प्रतिनिधित्व करने वाली उमा भारती यूपी में वोट करेंगी।