भाजपा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के खिलाफ अमेरिकी विदेश विभाग की तरफ से जारी की गई ‘अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता रिपोर्ट-2018’ को पूर्वाग्रह से ग्रस्त करार दिया है।
रिपोर्ट में धार्मिक आजादी के मुद्दे पर भारत को घेरा गया है। अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने इस रिपोर्ट में भारत समेत कई देशों की धार्मिक स्वतंत्रता के आधार पर चर्चा की है।
21 जून को पेश रिपोर्ट में भाजपा के कुछ वरिष्ठ नेताओं पर अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने का आरोप लगाया गया है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि कट्टरपंथी हिंदू समूहों की तरफ से अल्पसंख्यक समुदायों खासतौर पर मुस्लिमों के खिलाफ लगातार पूरे साल हिंसक हमले किए गए, जिनमें से अधिकतर के पीछे पीड़ितों पर गाय का मांस बेचने या गोवंश काटने की अफवाह रही है।
इसके अलावा भीड़ की हिंसा, धर्म परिवर्तन के मुद्दे पर हिंसा के साथ-साथ अनेक शैक्षणिक संस्थानों के अल्पसंख्यक दर्जे को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दिए जाने के सरकार के फैसले को भी अनुचित बताया गया है।