चीनी अतिक्रमण, सरकारी एजेंसियों के दुरुपयोग समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर विपक्ष ने शुक्रवार को भी राज्यसभा में हंगामा किया। शून्यकाल में करीब 35 मिनट के शोर-शराबे के बाद सदन की कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने विपक्ष को मुद्दे न उठाने देने और चर्चा की अनुमति न देने का आरोप लगाया।
दरअसल, सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष की ओर से तवांग में चीनी सैनिकों के साथ हुई झड़प का मुद्दा उठाया गया। उपसभापति हरिवंश ने विधायी कामकाज के तहत आवश्यक दस्तावेज सदन पटल पर रखवाए। उन्होंने सदन में जानकारी दी कि नियम 267 के तहत मिले नोटिस स्वीकार नहीं किए गए हैं। उपसभापति ने जैसे ही शून्यकाल शुरू किया, विपक्ष की ओर हो-हल्ला तेज हो गया और हंगामा होने लगा।
हंगामा उस समय और तेज हो गया, जब तृणमूल कांग्रेस के नदीमुल हक ने डिजिटल लोन एप का मुद्दा उठाया और जवाब देने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण खड़ी हो गईं। इस पर कांग्रेस सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा कि चीनी एप पर चर्चा करने का वक्त है लेकिन चीनी अतिक्रमण जैसे संवेदनशील मुद्दे पर नहीं।
सीतारमण ने कहा कि यह सवाल उठाकर कांग्रेस क्या साबित करना चाहती है कि आम आदमी की कोई परेशानी नहीं है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छोटे-छोटे व्यक्ति को लेकर चिंतित हैं कि कहीं उनके साथ धोखाधड़ी न हो। कांग्रेस ने आम आदमी की चिंताओं के साथ धोखा किया है। मंत्री के बयान के बाद विपक्षी सदस्यों ने आसन से आग्रह किया कि विपक्ष के नेता को भी बोलने दिया जाए। उपसभापति ने कहा कि वह सुबह विपक्ष के नेता को मौका दे चुके हैं। सदन की कार्यवाही, सूचीबद्ध कामकाज और नियमों से चलती है।
खरगे का आरोप : विपक्ष को बोलने का मौका नहीं दे रहे
खरगे ने सदन में अपनी बात रखते हुए कहा कि 14 दिसंबर को उन्होंने इस मुद्दे पर हस्तक्षेप किया। उस समय आसन पर सभापति थे। तब कहा गया कि इस मामले को इसलिए नहीं उठा सकता, क्योंकि इस बारे में नोटिस नहीं दिया है।
उपसभापति बोले : आप जब भी खड़े हुए, आपको मौका दिया
आपको उस नोटिस को पूरा पढ़ने का मौका दिया जो स्वीकृत नहीं थी। आप जब भी खड़े हुए, आपको मौका दिया गया। नियम 267 के तहत आज के अन्य मुद्दों पर हैं, जो अस्वीकार किए गए हैं।
अक्तूबर तक गेहूं का भंडार बफर स्टॉक के मानक से ऊपर
खाद्य और उपभोक्ता मामलों के मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार राज्यसभा में बताया कि अक्तूबर तक गेहूं का भंडार बफर स्टॉक के मानक से ऊपर है। प्रत्येक तिमाही में न्यूनतम बफर आवश्यकता में बदलाव होता है, जो 1 जुलाई को चरम पर होता है जब रबी फसल की खरीद समाप्त हो जाती है। 1 अक्तूबर, 2022 को भारत का गेहूं का स्टॉक 227.46 लाख टन था।
किसानों के मुद्दे पर ‘झूठ की राजनीति’ कर रही कांग्रेस : तोमर
केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने शुक्रवार को राज्यसभा में आरोप लगाया कि कांग्रेस किसानों के मुद्दे पर झूठ की राजनीति कर रही है। किसानों के आंदोलन के बाद उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य देने के वादे पर कांग्रेस नेता दीपेंद्र सिंह हुड्डा के सवाल का जवाब देते हुए तोमर ने कहा कि इस पर विचार के लिए समिति का गठन किया गया है। हुड्डा ने दावा किया कि अब रद्द किए जा चुके कृषि कानून बनाने वाले सचिव अब एक बहुराष्ट्रीय कंपनी के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने कानून बनाने की उनकी मंशा पर सवाल उठाया। इस पर तोमर ने कहा कि कांग्रेस हमेशा झूठ की राजनीति में लिप्त रही है।
चीनी ऋण एप पर लगाम के लिए कदम उठा रहा है केंद्र
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्यसभा में कहा कि सरकारी विभागों और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) आसान ऋण के नाम पर लोगों को धोखा देने वाले चीनी मोबाइल एप पर लगाम लगाने के लिए समन्वित कदम उठा रहे हैं। उन्होंने यह जवाब शून्यकाल में तृणमूल कांग्रेस सांसद के उठाए गए सवाल पर दिया। मंत्री ने कहा कि पिछले 6-7 महीनों में उन्होंने चीनी ऋण एप के लोगों को परेशान करने और धोखा देने के मुद्दे पर कई बैठकें की हैं। उन्होंने कहा कि बहुत सारे एप हैं, जिनका बुरी तरह से दुरुपयोग किया गया है। मामले को इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के ध्यान में भी लाया गया है। हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि अब कितने एप पर कार्रवाई हुई।
अनुसूचित जनजाति में शामिल होगा हिमाचल का हाटी समुदाय
लोकसभा ने शुक्रवार को एक संविधान संशोधन विधेयक को मंजूरी दे दी, जिसमें हिमाचल प्रदेश के हाटी समुदाय को अनुसूचित जनजाति (एसटी) की श्रेणी में शामिल करने का प्रावधान किया गया है। निचले सदन में ‘संविधान (अनुसूचित जनजातियां) आदेश (तीसरा संशोधन) विधेयक, 2022’ पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए जनजातीय कार्य मंत्री अर्जुन मुंडा ने कहा कि यह विधेयक हिमाचल प्रदेश के उन क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए लाया गया है, जो वर्षों से सुदूर, दुर्गम पहाड़ी क्षेत्रों में अपनी सांस्कृतिक परंपराओं के साथ रहते आए हैं।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड से लगे हिमाचल के सुदूर क्षेत्रों में रहने वाले वर्षों से उपेक्षित लोगों के लिए यह विधेयक न्याय देने वाला है। कई अन्य प्रदेशों में विभिन्न जनजातीयों को अनुसूचित जनजाति की सूची में शामिल करने की अनेक सदस्यों की मांग पर मुंडा ने कहा कि मंत्रालय सभी समुदायों के संबंध में कार्रवाई करता है और लगातार काम कर रहा है।
वोटर आईडी के साथ आधार नंबर जोड़ना स्वैच्छिक, मतदाता सूची से नहीं हटेंगे नाम
चुनाव पहचान पत्र(वोटर आईडी) से जुड़ने के लिए अपना आधार नंबर साझा नहीं करने वाले लोगों के नाम मतदाता सूची से नहीं हटाए जाएंगे। यह कवायद स्वैच्छिक है। कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने शुक्रवार को लोकसभा में यह जानकारी देते हुए कहा कि चुनाव कानून (संशोधन) अधिनियम, 2021, चुनावी पंजीकरण अधिकारियों को स्वैच्छिक आधार पर पहचान स्थापित करने के उद्देश्य के लिए आधार संख्या प्रदान करने के लिए मौजूदा या भावी मतदाता की आवश्यकता की अनुमति देता है। उन्होंने कहा कि आधार को मतदाता पहचान पत्र से जोड़ना स्वैच्छिक है और फॉर्म 6बी में आधार प्रमाणीकरण के लिए मतदाता से सहमति प्राप्त की जाती है, जिसे हाल ही में पेश किया गया था।
ओपिनियन पोल पर रोक का प्रस्ताव नहीं
ओपिनियन पोल पर रोक लगाने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। एक सवाल के जवाब में कानून मंत्री किरेन रिजिजू लोकसभा में जवाब देते हुए कहा, ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं है। वहीं, एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि एनआरआई को ‘प्रॉक्सी वोटिंग’ की सुविधा देने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
देश के 12 राज्य लंपी के कहर से जूझ रहे हैं
राज्यसभा में पशुपालन और डेयरी से संबंधित एक प्रश्न का जवाब देते हुए मंत्री पुरुषोत्तम रुपाला ने बताया कि देश के 12 राज्य पशुओं में होने वाले लंपी रोग की जद में है। वहीं, एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा में पशु की मौत से हुए नुकसान के संबंध में सहायता करने की सरकार कोई योजना नहीं है।
रेल संचालन में निजी कंपनियों की मदद नहीं लेंगे, लेकिन फ्लेक्सी फेयर योजना चालू रहेगी
केंद्र सरकार ने साफ किया है कि भारतीय रेल में किसी भी नियमित गाड़ी के परिचालन के लिए निजी कंपनियों की सहायता नहीं ली जा रही हैं। सरकार के पास भविष्य में भी ऐसा करने की कोई योजना नहीं है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में इसे लेकर पूछे गए प्रश्न के जवाब में यह जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि राजधानी, शताब्दी, दुरंतो में फ्लेक्सी फेयर योजना शुरू की गई थी और इसे बंद करने की कोई योजना नहीं है।
आयुष्मान भारत में 1,500 से ज्यादा अस्पताल जुड़े
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने लोकसभा में एक प्रश्न का जवाब देते हुए कहा कि पिछले एक साल में आयुष्मान भारत के तहत 1,500 से अधिक निजी अस्पतालों को सूचीबद्ध किया गया। इस योजना की हर महीने समीक्षा की जाती है और योजना के तहत मरीजों के खर्च में कमी आई है। उन्होंने कहा कि सात-आठ लाख कार्ड प्रतिदिन छपते हैं, जल्द 50 करोड़ कार्ड उपलब्ध कराने का विचार है।
एम्स पर साइबर अटैक के बाद सभी डाटा रिकवर
केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री भारती प्रवीण पवार ने शुक्रवार को लोकसभा को बताया कि एम्स के सभी डाटा को रिकवर कर लिया गया है और सभी प्रभावित सर्वर को रिस्टोर कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि यह एक साइबर अटैक था और हैकर्स ने सर्वर को रिस्टोर करने के लिए किसी प्रकार की कोई फिरौती नहीं मांगी थी। नेशनल इन्फॉर्मेटिक्स सेंटर द्वारा संचालित पांच सर्वर को इसमें नुकसान हुआ था।
लोकसभा में जेंटलमैन बनाम माननीय पर नोकझोंक
लोकसभा में शुक्रवार को ‘जेंटलमैन’ शब्द को लेकर महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी और कांग्रेस के अधीर रंजन चौधरी भिड़ गए। प्रश्नकाल के दौरान स्मृति ईरानी ने एक सांसद को सदन में आमतौर पर उपयोग किए जाने वाले संबोधन ‘माननीय सदस्य’ के स्थान पर ‘जेंटलमैन’ कहा। इस पर कांग्रेस के अधीर रंजन चौधरी ने ईरानी द्वारा उक्त सांसद को ‘जेंटलमैन’ कहे जाने का विरोध किया। कांग्रेस के कुछ सदस्यों ने भी चौधरी का समर्थन किया।
दरअसल, बीजू जनता दल के सांसद चंद्रशेखर साहू प्रश्नकाल के दौराना पूरक प्रश्न पूछ रहे थे और इसका जवाब देते हुए केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने उन्हें ‘जेंटलमैन’ कह कर संबोधित किया। इस पर अधीर रंजन ने आपत्ति जताई और दोनों के बीच जमकर नोंकझोंक हुई।
जब बीजू जनता दल के सांसद साहू ने दूसरा पूरक प्रश्न पूछा तब उन्होंने स्मृति ईरानी को ‘माननीय मैडम’ भी कहकर संबोधित किया। इसके बाद साहू के प्रश्न का उत्तर देते हुए स्मृति ईरानी ने कहा कि माननीय जेंटलमैन से उन्हें सम्मानपूर्वक ‘मैडम’ कहकर संबोधित किया है, इसके लिए वह उनकी आभारी हैं।
इस पर अधीर रंजन चौधरी ने ईरानी द्वारा सदस्य को पुन: ‘जेंटलमैन’ कहे जाने पर फिर आपत्ति व्यक्त की और कुछ सदस्यों ने उनका समर्थन किया। वहीं, ईरानी ने कहा कि उन्हें सदस्य (बीजद सांसद) द्वारा सम्मान प्रदर्शित किये जाने के कारण राजनीतिक तौर पर परेशान किया जा रहा है। ब्यूरोसांसद इस सदन के सदस्य हैं और इस तरह से ‘जेंटलमैन’ कहना ठीक नहीं है। मंत्री को ‘माननीय सदस्य’ कहना चाहिए। -अधीर रंजन चौधरी
स्मृति ईरानी का जवाब- आप राजनीतिक आकाओं को खुश करना चाहते हैं
ऐसा लगता है कि अधीर रंजन अपने राजनीतिक आकाओं को प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं और सदन में हंगामा करके शाबाशी लेना चाहते हैं। मैं इन जेंटलमैन को कहना चाहती हूं कि उनकी बात उनके आकाओं तक पहुंच गई है। -स्मृति ईरानी
बीएसएनएल का इस्तेमाल कांग्रेस ने ‘दुधारू गाय’ की तरह किया : वैष्णव
नई दिल्ली। केंद्रीय संचार मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती यूपीए सरकार के कार्यकाल में कांग्रेस ने भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) और भारत ब्रॉडबैंड नेटवर्क लिमिटेड (बीबीएनएल) का दुधारू गाय की तरह की इस्तेमाल किया जिससे इनकी स्थिति खराब हुई।
उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने बीमार कंपनी बीएसएनएल के उद्धार के लिए दो पैकेज घोषित किए जिससे यह परिचालन लाभ की स्थिति में आ गई है। उन्होंने कहा कि बीबीएनएल के पास 6.5 लाख किलोमीटर फाइबर का नेटवर्क था जबकि बीएसएनएल के पास 8.5 लाख किलोमीटर फाइबर का नेटवर्क था। दोनों के विलय के बाद 15 लाख किलोमीटर लंबा एकीकृत नेटवर्क बन गया है। एकीकृत नेटवर्क के तहत हर महीने करीब एक लाख घरों को इस नेटवर्क से जोड़ा जा रहा है, जहां डाटा की औसत खपत 120 जीबी प्रति माह है। 2004 से 2014 के बीच बीएसएनएल को दुधारू गाय मानते हुए इसका शोषण किया गया। तत्कालीन सरकार ने सुनियोजित तरीके से कंपनी की स्थिति खराब की। - अश्विनी वैष्णव
संविधान पीठ से जुड़े 498 मामले लंबित
संविधान पीठ से संबंधित 498 मामले, जिनमें 400 से ज्यादा चुनाव से संबंधित हैं और 2,800 से अधिक जनहित याचिकाएं (पीआईएल) सुप्रीम कोर्ट में लंबित हैं। कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने शुक्रवार को लोकसभा में एक लिखित जवाब में यह जानकारी दी। यह आंकड़ा 13 दिसंबर तक का है। उन्होंने सदन को बताया कि 2,209 रिट याचिकाएं, 4,331 विशेष अनुमति याचिकाएं और 1,295 अदालत की अवमानना के मामले भी शीर्ष अदालत में लंबित हैं। लंबित मामलों का निपटारा पूरी तरह से न्यायपालिका के अधिकार क्षेत्र में है और सरकार की इस संबंध में कोई प्रत्यक्ष भूमिका नहीं है।
अरुणाचल प्रदेश में 5 साल में 3,097 किमी सड़क बनी
सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने पिछले पांच वर्षों में अरुणाचल प्रदेश में 3,097 किलोमीटर और केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में 3,140 किलोमीटर सड़कों का निर्माण किया है। वहीं, पिछले पांच वर्षों में 10 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में कुल 257 सड़कों का निर्माण 13,525.417 किलोमीटर में किया गया है।
कांग्रेस ने उठाया सरकार व न्यायपालिका का मुद्दा
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने शुक्रवार को सरकार और न्यायपालिका के बीच टकराव का मुद्दा उठाया और जानना चाहा कि क्या सरकार न्यायपालिका के साथ टकराव की योजना बना रही है। लोकसभा में शून्यकाल के दौरान उन्होंने अपनी बात रखते हुए कानून मंत्री किरेन रिजिजू की सुप्रीम कोर्ट और जजों पर की गई टिप्पणी का जिक्र किया।