ISRO: केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जानकारी दी कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा में 3,985 करोड़ रुपये की लागत से तीसरे लॉन्च पैड के निर्माण को मंजूरी दी है। यह लॉन्च पैड चार साल के भीतर तैयार किया जाएगा।
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने गुरुवार को आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र (एसडीएससी) में तीसरा लॉन्च पैड के निर्माण को मंजूरी दी है। इस परियोजना पर कुल लागत 3,985 करोड़ रुपये की आएगी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने यह जानकारी दी।
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बैकअप लॉन्च पैड के रूप में भी काम करेगा
इस परियोजना के तहत इसरो के 'नेक्स्ट जेनरेशन लॉन्च व्हीकल' (एनजीएलवी) के लिए आवश्यक लॉन्च ढांचा तैयार किया जाएगा। इसके साथ ही, यह श्रीहरिकोटा में दूसरे लॉन्च पैंड के लिए एक बैकअप (स्टैंडबाय) लॉन्च पैड के रूप में भी काम करेगा।
इसरो के अनुभव से तैयार किया जाएगा लॉन्च पैड
सरकार ने एक बयान में कहा, इस कदम से भारत के भविष्य के मानव अंतरिक्ष मिशनों की लॉन्च क्षमता बढ़ेगी। तीसरे लॉन्च पैड का डिजाइन इस तरह से किया जाएगा कि वह न केवल एनजीएलवी को बल्कि एलवीएम3 वाहनों का भी समर्थन कर सकेगा, जिसमें सेमीक्रायोजेनिक चरण और एनजीएलवी के विस्तारित रूप शामिल हैं। यह लॉन्च पैड इसरो के अनुभव और उद्योगों की भागीदारी से तैयार किया जाएगा, जिसमें मौजूदा लॉन्च कॉम्पलेक्स की सुविधाओं को भी शामिल किया जाएगा।
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चार साल के भीतर पूरा होगा परियोजना का कार्य
बयान में कहा गया कि इस तीसरे लॉन्च पैड का निर्माण कार्य चार वर्षों के भीतर पूरा कर लिया जाएगा। इस परियोजना से इसरो की भविष्य की लॉन्च क्षणता में महत्वपूर्ण वृद्धि हो सकती और यह भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम को नई ऊंचाईयों तक पहुंचाने में मदद करेगा।