अमर उजाला फाउंडेशन और UNICEF इंडिया का साझा प्रयास
- फोटो : Amar Ujala
जलवायु परिवर्तन, स्वास्थ्य, कोरोना वैक्सीन और डिजिटल-मोबाइल जर्नलिज्म आदि मुद्दों पर आयोजित दो दिवसीय वर्कशॉप में नोएडा की प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी से 50 से अधिक छात्रों ने भाग लिया। यह कार्यशाला 23 तथा 24 जून को यूनिसेफ तथा अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से आयोजित की गई।
अपने अनुभव साझा करते हुए शारदा यूनिवर्सिटी की छात्रा ईशा महातो कहती हैं कि हम अपने आप में इतने खोए हैं कि हमारे आस-पास क्या हो रहा है उस पर शायद ध्यान नहीं दे पाते। इस कार्यशाला से मैंने जलवायु परिवर्तन से संबंधित पांच बातों को सीखा जो आने वाले समय में मेरे मीडिया करियर में काफी काम आएंगी। पहली- मोबाइल को माध्यम बनाएं। दूसरी- जलवायु परिवर्तन संबंधी सच्ची घटनाओं को लोगों तक पहुंचाएं। तीसरी बात- जलवायु संबंधी फोटो तथा वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर कर आमजन में जलवायु परिवर्तन से होने वाली समस्याओं के विषय में जागरूक करें। चौथी बात- वास्तविक विचारों पर ध्यान दें और पांचवी बात यह जानी कि अज्ञात से पहले ज्ञात पर ध्यान केंद्रित करें।