यूक्रेन की सांसद यूलिया क्लाइमेंको ने अमर उजाला से विशेष बातचीत करते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस यात्रा से दोनों देशों के संबंध बेहतर होंगे। उन्हें उम्मीद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रूसी राष्ट्रपति पुतिन को इस विवाद का शांतिपूर्ण समाधान करने और यूक्रेन से वापस जाने के लिए कहेंगे जिससे यूक्रेन के लोग शांतिपूर्ण तरीके से रह सकें।
यूलिया क्लाइमेंको ने कहा कि इस समय भी उनके देश की हालत बहुत खराब है। उनके अनुसार, उनके देश के लगभग 60 लाख लोग अपने देश से बाहर रहने के लिए मजबूर हैं। 90 लाख लोगों को अपने देश के अंदर ही विस्थापन झेलना पड़ रहा है। बच्चों को बम शेल्टर में रहकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। रोज हम बमों के साये में जी रहे हैं। हमारे हजारों लोग, बच्चे और महिलाएं इस युद्ध की भेंट चढ़ चुके हैं। हमारी फसलें बर्बाद हो गई हैं और रूस की भारी बमबारी के कारण मूलभूत ढांचा ध्वस्त हो गया है। अब यह बर्बादी रुकनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि अब यूक्रेन को अपने देश का पुनर्निर्माण करने के लिए 450 बिलियन यूरो की आवश्यकता है। इतनी बड़ी रकम किस तरह और कैसे जुटाई जाएगी, यह यूक्रेन के लिए बहुत कठिन प्रश्न है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यूक्रेन यात्रा से आपके देश को क्या बेहतर मिलने की उम्मीद है? अमर उजाला के इस प्रश्न पर गोलोस पार्टी (Golos Party) की सांसद यूलिया क्लाइमेंको ने कहा कि पिछले 40 वर्षों में यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पोलैंड-यूक्रेन की यात्रा है। ऐसे में शुरुआती तौर पर हम इसे एक सांकेतिक, लेकिन महत्त्वपूर्ण यात्रा मान रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पिछली बार यूक्रेन पर बमबारी के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुतिन से मुलाकात की थी। इससे हम कुछ निराश थे। लेकिन इस बार हमें कुछ बेहतर की उम्मीद है। पीएम मोदी की इस यात्रा में दोनों देशों के बीच चार मुद्दों पर सहमति बनी है। स्वास्थ्य, कृषि, मानवतावादी और सांस्कृतिक मामलों के संबंध में हुए इन समझौतों से दोनों देशों को मदद मिलेगी।
यूक्रेन में विपक्ष की सांसद यूलिया क्लाइमेंको ने कहा कि पीएम मोदी की इस यात्रा से यूक्रेन और भारत दोनों देशों को ही लाभ मिलेगा। यूक्रेन के लिए भारत के साथ अपने राजनीतिक, कूटनीतिक और आर्थिक क्षेत्र में संबंध मजबूत बनाने का यह एक अच्छा अवसर है। उन्हें उम्मीद है कि जेलेंस्की इस अवसर का पूरा उपयोग करेंगे।
यूलिया के अनुसार, यूक्रेन को इस समय जिस तरह के पुनर्निर्माण की आवश्यकता है, भारत उसमें बड़ी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। विशेषकर स्वास्थ्य, शिक्षा और व्यापार को आगे बढ़ाने में भारत का योगदान यूक्रेन के विकास को गति दे सकता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति पुतिन के पुराने और अच्छे मित्र हैं। हमें उम्मीद है कि वे अपने मित्र को बताएंगे कि वे यूक्रेन में गलत कर रहे हैं। हमें उम्मीद है कि वे पुतिन से अपने सैनिकों को यूक्रेन से शांतिपूर्ण तरीके से वापस जाने के लिए कहेंगे। इससे हम यूक्रेन के लोग शांतिपूर्ण तरीके से रह सकेंगे।