हैदराबाद के रहने वाले 127 लोगों को यूआईडीएआई (भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण) की ओर से जारी किए गए नोटिस के बाद ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने निशाना साधा है।
ओवैसी ने बुधवार को यूआईडीएआई पर अपनी शक्तियों का दुरुपयोग करके दहशत पैदा करने और नागरिकता साबित करने को लेकर नोटिस जारी करने का आरोप लगाया। ओवैसी ने ट्वीट कर लिखा कि यूआईडीएआई के पास किसी भी व्यक्ति की नागरिकता को सत्यापित करने की कोई शक्ति नहीं है।
ओवैसी ने ट्वीट किया, ‘पिछले दिनों हैदराबाद पुलिस ने यमन के एक नागरिक को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद पुलिस ने 127 लोगों से जुड़ी रिपोर्ट अथॉरिटी को भेजी थी। नागरिकता का प्रमाण मांगने के लिए यूआईडीएआई को क्या कानूनी अधिकार है? नोटिस में उन आधारों का भी उल्लेख नहीं किया गया है जिन पर उन्हें जारी किया गया था। यह गैरकानूनी और अस्वीकार्य है।
गौरतलब है कि यूआईडीएआई ने पुलिस से रिपोर्ट मिलने के बाद नोटिस जारी किए थे। रिपोर्ट में इन लोगों के अवैध प्रवासी होने की आशंका जताई गई है। इस पर अथॉरिटी ने उनसे भारत में रहने के दावे का सबूत मांगे हैं।