बता दें कि, पाकिस्तान में दो भारतीय नागरिकों को अवैध घुसपैठ के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। इनकी पहचान मध्य प्रदेश के प्रशांत और तेलंगाना के बारी लाल के रूप में हुई है। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक ये दोनों पाकिस्तान में अवैध तरीके से घुसने की कोशिश कर रहे थे। दोनों को पंजाब प्रांत के पूर्वी शहर बहावलपुर से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि इनके पास पर्याप्त दस्तावेज नहीं थे और इनके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है।
इससे पहले अगस्त में पाकिस्तानी पुलिस ने पंजाब प्रांत के डेरा गाजी खान शहर से राजू लक्ष्मण नाम के शख्स को जासूसी के शक में गिरफ्तार किया था। बाद में उसे खुफिया एजेंसियों को सौंप दिया गया था। आरोपों के मुताबिक उसने बलूचिस्तान प्रांत से प्रवेश किया था। पाकिस्तानी जेल में बंद भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव को भी यहीं से गिरफ्तार करने का दावा किया गया था।
पाकिस्तान में अवैध रूप से दाखिल होने के दौरान गिरफ्तार दो भारतीयों में से एक तेलंगाना का सॉफ्टवेयर इंजीनियर है। प्रशांत वेनधाम के परिजनों का कहना है कि वह 2017 से लापता है। टीवी पर पाकिस्तान में उसके पकड़े जाने की खबर देखकर परिवार ने उसे पहचाना।
31 वर्षीय प्रशांत लापता होने से पहले माधापुर में शोर इन्फो टेक कंपनी में काम करता था। उसके पिता बाबूराव वेनधाम ने बताया, मेरा बेटा 11 अप्रैल, 2017 को सुबह नौ बजे दफ्तर के लिए निकला और घर नहीं लौटा। बेटे ने पहले एक महिला सहकर्मी के बारे में बताया था, जो उससे शादी करना चाहती थी।
वह बंगलूरू में काम करती थी। बाद में पता चला कि वह स्विट्जरलैंड चली गई और प्रशांत उससे मिलना चाहता था। उसके भारत वापस आने के बाद ही सब पता चलेगा।