विनायक दामोदर सावरकर को भारत रत्न देने की मांग के बीच महात्मा गांधी के प्रपौत्र तुषार गांधी ने कहा कि सावरकर महात्मा गांधी की हत्या की साजिश के संरक्षक थे। कोर्ट में उन पर मुकदमा चला, लेकिन उन्हें सुबूतों के अभाव में छोड़ दिया गया। कोर्ट ने कभी भी उन्हें निर्दोष करार नहीं दिया।
तुषार ने शुक्रवार को कहा, आज जब बापू के हत्या के संरक्षक को भारत रत्न देने पर विचार हो रहा है, तो मैं समझता हूं कि यह महत्वपूर्ण है कि हम बापू की हत्या के पीछे छिपे मुख्य मकसद और साजिश को समझें। सावरकर को छोड़ते हुए कोर्ट ने केवल यही कहा था कि हमारे सामने जो सुबूत पेश किए गए हैं, वे सावरकर का दोष साबित करने के लिए पर्याप्त नहीं हैं। गौरतलब है कि भाजपा ने महाराष्ट्र चुनाव में सावरकर के लिए भारत रत्न देने की मांग करने की घोषणा की थी।