मुंबई से 168 लोगों को लेकर ढाका इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचा जेट एयरवेज का विमान 9डब्ल्यू-276 रनवे से टकरा गया। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ और इसमें सवार सभी लोग बाल-बाल बच गए। 22 जनवरी को हुई इस घटना के बाद फौरन हरकत में आई एयरलाइन ने विमान उड़ाने वाले पायलटों को ड्यूटी से हटा दिया है। फिलहाल दुर्घटना की वजह साफ नहीं हो पाई है।
ढाका इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचे जेट एयरवेज के विमान का पीछे का हिस्सा लैंडिंग के दौरान रनवे से टकरा गया। हालांकि इसमें सवार 160 यात्री और चालक दल के आठ सदस्य बाल-बाल बच गए। हादसे में यात्री एवं चालक दल के सदस्यों को किसी तरह की चोट नहीं आई और सभी को सुरक्षित विमान से उतार लिया गया।
सूत्रों ने बताया कि बोइंग कंपनी के बी737-800 विमान को हुए नुकसान का आंकलन करने के लिए ढाका का दौरा कर सकती है। हालांकि जेट एयरवेज के इंजीनियर पहले से ही मामले का आंकलन करने में जुटे हैं। पिछले सप्ताह हुए इस हादसे की जानकारी विमानन नियामक नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) को दे दी गई है।
डीजीसीए के सूत्रों ने बताया कि यह हादसा ढाका में हुआ है। लिहाजा बांग्लादेश के विमानन अधिकारी मामले की जांच कर सकते हैं। उनका कहना है कि अगर बांग्लादेश की सिविल एविएशन अथॉरिटी (सीएए) मामले की जांच नहीं करने का फैसला करती है, तो भारतीय विमानन मंत्रालय के तहत एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इंवेस्टिगेशन ब्यूरो (एएआईबी) इसकी जांच अपने हाथ में ले सकती है।
जेट एयरवेज ने विमान के पीछे के हिस्से के रनवे से टकराने की घटना की पुष्टि की है। एयरलाइन के मुताबिक हादसे में कोई भी जख्मी नहीं हुआ है। विमान में सवार सभी लोगों को सुरक्षित उतार लिया गया है।