गोवा विधानसभा चुनाव को लेकर राज्य में नेताओं के दल-बदल के बीच विभिन्न दलों द्वारा जीत के लिए आक्रामक चुनाव अभियान चलाया जा रहा है। इसके साथ ही गठबंधन की संभावनाएं भी तलाशी जा रही हैं। इस बार तृणमूल कांग्रेस ने भी गोवा विधानसभा चुनाव में भाजपा को टक्कर देने के लिए जबरदस्त आगाज किया है। इस बीच कांग्रेस और टीएमसी में गठबंधन को लेकर तल्ख भरे बयान सामने आ रहे हैं।
कांग्रेस पर साधा निशाना
गठबंधन के मुद्दे पर टीएमसी नेता सुष्मिता देव का कहना है कि विपक्षी एकता के लिए वह एक बड़े गठबंधन के खिलाफ नहीं है, लेकिन इस तरह के गठबंधन को बड़े भाई के रवैये के साथ नहीं बनाया जा सकता है। गोवा के लिए टीएमसी के सह-प्रभारी सुष्मिता देव ने भी कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वह भाजपा विरोधी वोट तोड़ रही है। कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल में भी भाजपा विरोधी वोट काटने की कोशिश की थी।
कहा- भाजपा से छुटकारा पाना चाहते हैं लोग
टीएमसी की राज्यसभा सदस्य ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने गोवा में ऐसे समय में चुनावी मैदान में उतरने का फैसला किया है जब राज्य के लोग भाजपा से छुटकारा पाना चाहते हैं। सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद कांग्रेस में अविश्वास है जो पिछले विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद सरकार बनाने में सक्षम नहीं हो सकी। सुष्मिता ने कहा, आज तक कांग्रेस गोवा के लोगों को यह समझाने में सक्षम नहीं हुई। जब हमने प्रवेश किया तो यहां एक शून्य था, लोग भाजपा को नहीं चाहते थे और वे कांग्रेस के बारे में संदेह और निराशावादी थे।
गोवा में सभी 40 सीटों के लिए विधानसभा चुनाव 14 फरवरी को होंगे। टीएमसी कई विधायक-नेताओं को अपनी पार्टी में शामिल कराकर और अपनी संभावनाओं को बढ़ाने के लिए कू जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म सहित एक आक्रामक अभियान चला रही है।