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Kolkata: टीएमसी विधायक की पत्नी ने जीती एक करोड़ की लॉटरी, भाजपा बोली- यह मनी लॉन्ड्रिंग का एक आसान तरीका

Sun, 30 Oct 2022 03:49 AM IST
Jeet Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

सुवेंदु अधिकारी ने ट्वीट करते हुए लिखा कि मैं इस बारे में लंबे समय से कह रहा हूं, डियर लॉटरी और टीएमसी के बीच कुछ तो संबंध है। यह मनी लॉन्ड्रिंग का एक आसान तरीका है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : pixabay
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विस्तार
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पश्चिम बंगाल में टीएमसी विधायक विवेक गुप्ता की पत्नी रुचिका गुप्ता ने एक करोड़ की लॉटरी जीती है। वहीं भारतीय जनता पार्टी ने लॉटरी को लेकर सवाल खड़े किए हैं और सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप लगाया है। विवेक गुप्ता कोलकाता जिले के जोरासांको निर्वाचन क्षेत्र से टीएमसी विधायक हैं।

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लॉटरी कंपनी 'डियर लॉटरी' के एक समाचार पत्र के विज्ञापन के अनुसार लॉटरी के लिए ड्रा 31 अगस्त को आयोजित किया गया था और साप्ताहिक लॉटरी का पहला पुरस्कार रुचिका गुप्ता ने जीता। इस पर सवाल उठाते हुए भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया कि लॉटरी कंपनी और टीएमसी के बीच कुछ तो संबंध है। साथ ही उन्होंने लॉटरी के विज्ञापन को ट्विटर पर साझा भी किया।

सुवेंदु अधिकारी ने ट्वीट करते हुए लिखा कि मैं इस बारे में लंबे समय से कह रहा हूं, डियर लॉटरी और टीएमसी के बीच कुछ तो संबंध है। यह मनी लॉन्ड्रिंग का एक आसान तरीका है। उन्होंने कहा कि आम लोग टिकट खरीदते हैं उनके बजाय टीएमसी नेताओं को बंपर इनाम मिलता है। पहले अनुब्रत मंडल ने जैकपॉट जीता और अब टीएमसी विधायक विवेक गुप्ता की पत्नी ने एक करोड़ का ईनाम जीता है।
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भाजपा नेता सुवेंदु ने आगे कहा कि इसके बारे में गृहमंत्री अमित शाह को भी पत्र लिखा गया है कि लॉटरी के खेल में कई गड़बड़ियां है और बेईमानी के तरीके को अपनाया गया है। इसलिए जांच की जरूरत है। ट्वीट में उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल के गरीब लोगों को आसानी से पैसा जीतने का लालच दिया जा रहा है और वे इसके आदी हो गए हैं और आसानी से वे इस तरह के टिकटों पर अपनी मेहनत की कमाई को बहा रहे हैं और भ्रष्ट टीएमसी नेता उनके खर्च पर लाभ उठा रहे हैं।

सुवेंदु के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए टीएमसी विधायक विवेक गुप्ता का कहना है कि उनकी पत्नी पर राजनीतिक हमले अनुचित है। क्योंकि उनका राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है। वहीं रुचिका ने कहा कि वह इस पैसे का इस्तेमाल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुधारने में करेंगी। उनके विधायक पति राज्य की सत्ताधारी पार्टी के पूर्व राज्यसभा सांसद हैं।

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