ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली भारतीय महिला जिम्नास्ट बनी दीपा करमाकर ने कहा कि वह जहां भी खेलेंगी, इतिहास रचना जारी रखने की कोशिश करेगी। रियो डी जिनेरियो से लौटने के बाद करमाकर ने कहा, ‘मैं पूरी मेहनत करूंगी ताकि इतिहास रचती रहूं।
मेरा लक्ष्य हर हालत में क्वालीफाई करना था और मुझे खुशी है कि मैंने लक्ष्य हासिल कर लिया।’ उसने ओलंपिक टेस्ट इवेंट में स्वर्ण पदक जीतकर रियो का टिकट कटाया। वह ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली भारतीय महिला जिम्नास्ट बनी।
करमाकर ने कहा कि ‘यह काफी कठिन था लेकिन मेरेे पास शानदार मेंटर हैं, जिनकी वजह से मैं यहां हूं। उनके बिना कोई मेरा नाम भी नहीं जानता। कुछ पाने के लिए आपको जोखिम लेना होता है। मैं आभारी हूं कि इंदिरा गांधी स्टेडियम पर खास इंतजाम किए गए थे, जहां मैं अभ्यास करती थी वरना यह असंभव होता लिहाजा मैं भारतीय खेल प्राधिकरण की शुक्रगुजार हूं।’