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तेलंगाना निकाय चुनाव: करीमनगर में भाजपा का मेयर, लेकिन निजामाबाद में क्यों विपक्ष में बैठने का लिया फैसला?

Sun, 15 Feb 2026 12:21 AM IST
देवेश त्रिपाठी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद

सार

तेलंगाना के नगर निगम चुनावों में करीमनगर में भाजपा ने सबसे अधिक सीटें जीतकर बढ़त बना ली है। निर्दलीय पार्षदों के समर्थन से उसका मेयर पद पर कब्जा लगभग तय माना जा रहा है। पार्टी की ताकत 35 पार्षदों तक पहुंच चुकी है। दूसरी ओर निजामाबाद में सबसे बड़ी पार्टी बनने के बावजूद भाजपा ने कांग्रेस और एआईएमआईएम पर गठजोड़ का आरोप लगाते हुए विपक्ष में बैठने का फैसला लिया है।
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भाजपा - फोटो : ANI
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विस्तार
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तेलंगाना के नगर निगम चुनावों में करीमनगर में भाजपा मेयर पद हासिल करने की स्थिति में नजर आ रही है। पार्टी नगर निगम में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है और निर्दलीय पार्षदों के समर्थन से उसका बहुमत मजबूत हो गया है। वहीं पार्टी सूत्रों ने शनिवार को बताया कि निजामाबाद में सबसे बड़ी पार्टी बनने के बावजूद भाजपा ने विपक्ष में बैठने का फैसला किया है।
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करीमनगर नगर निगम के कुल 66 वार्डों में से भाजपा ने 30 पर जीत दर्ज की है। कांग्रेस को 14, बीआरएस को 9, एआईएमआईएम-एआईएफबी (ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक) को 3-3 और निर्दलीयों को 7 वार्ड मिले हैं। शनिवार को तीन निर्दलीय पार्षद और एक एआईएफबी पार्षद ने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंदी संजय कुमार से मुलाकात कर भाजपा को समर्थन दिया। 

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भाजपा के इस सियासी गणित से बनेगा करीमनगर में मेयर
पार्टी सूत्रों के अनुसार अन्य छह पार्षद भी भाजपा नेताओं से बातचीत कर रहे हैं। बंदी संजय कुमार निगम के पदेन सदस्य के रूप में मतदान कर सकते हैं। भाजपा की संख्या 35 तक पहुंचने के बाद पार्टी का मेयर पद पाना लगभग तय माना जा रहा है।

निजामाबाद नगर निगम के 60 वार्डों में भाजपा को 28, कांग्रेस को 17, एआईएमआईएम को 14 और बीआरएस को 1 वार्ड मिला है। हालांकि सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद भाजपा ने कांग्रेस और एआईएमआईएम पर 'अस्वाभाविक गठबंधन' का आरोप लगाते हुए विपक्ष में बैठने का फैसला लिया है।

कोठागुडेम नगर निगम में असमंजस
कोठागुडेम नगर निगम में सत्ता को लेकर स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। यहां 60 सदस्यीय निगम में कांग्रेस और सीपीआई को 22-22 वार्ड मिले हैं। निर्दलीयों को 6, बीआरएस को 8, भाजपा और सीपीआई(एम) को 1-1 वार्ड मिला है। बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामाराव ने 13 फरवरी को सीपीआई को समर्थन का खुला प्रस्ताव दिया था ताकि दोनों दल सिंगरेनी कोलियरीज में कथित अनियमितताओं के खिलाफ साथ मिलकर लड़ सकें। 
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हालांकि कांग्रेस और सीपीआई के बीच चुनाव पूर्व गठबंधन होने के कारण दोनों दलों के बीच समझौते की संभावना जताई जा रही है। सीपीआई नेता पल्ला वेंकट रेड्डी और ईटी नरसिम्हा ने शनिवार शाम मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी से मुलाकात की। बैठक में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बी महेश कुमार गौड़ भी मौजूद थे। मेयर, डिप्टी मेयर और नगर पालिका अध्यक्ष व उपाध्यक्ष का चुनाव 16 फरवरी को होगा।

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