महाराष्ट्र में मराठा समुदाय को शिक्षा और नौकरियों में आरक्षण देने वाले कानून की सांविधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट दैनिक आधार पर सुनवाई करेगा। जस्टिस एल नागेश्वर राव की अध्यक्षता वाली पीठ ने मंगलवार को अगले महीने से मराठा आरक्षण पर रोज सुनवाई करने पर सहमति जताई।
कोर्ट ने सभी पक्षकारों को लिखित दलीलें व बहस की समयसीमा दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने सभी पक्षों के वकीलों को इस मुद्दे पर वीडियो कांफ्रेंसिंग कर सलाह करने का भी सुझाव दिया। पीठ ने कहा कि मामले की अंतिम सुनवाई के लिए तारीख अगस्त में तय की जाएगी। जस्टिस राव ने वकीलों को कहा कि वे तत्काल तारीख देने के लिए दबाव न डाले। पीठ बुधवार को अंतरिम आदेश पारित करेगी।