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जजों को सजा सुनाने वाले जस्टिस कर्णन पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया फैसला, तुरंत भेजो जेल

Tue, 09 May 2017 12:39 PM IST
amarujala.com- Presented by: पवन नाहर
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जस्टिस सीएस कर्णन - फोटो : Yahoo
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सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के जज सीएस कर्णन को कोर्ट की अवमानना का दोषी पाया। उच्चतम न्यायालय ने उन्हें 6 महीने की सजा सुनाई है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने जस्टिस कर्णन द्वारा जारी किए किसी भी आदेश को प्रकाशित और प्रसारित करने पर भी रोक लगा दी है। उच्चतम न्यायालय ने अपने आदेश की पालत तत्काल प्रभाव से करने को कहा।
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इससे पहले जस्टिस कर्णन ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए मानसिक जांच के आदेश को पूरी तरह खारिज करते हुए अपनी जांच से इंकार कर दिया था। जस्टिस सीएस कर्णन और सुप्रीम कोर्ट के बीच तल्खी काफी ज्यादा बढ़ गई है। गौरतलब है कि कल ही जस्टिस कर्णन ने अवमानना के आरोप में भारत के मुख्य न्यायाधीश जेएस खेहर समेत 8 जजों को 5 वर्ष की सश्रम कैद की सजा सुनाई थी।
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CJI को अत्याचार को बताया था दोषी

सुप्रीम कोर्ट - फोटो : ANI
सुप्रीम कोर्ट के साथ बढ़ती तल्खी के बीच जस्टिस करनन ने इन आठ जजों को सजा सुनाते हुए कहा कि इन्होंने 1989 के अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार कानून और 2015 के तहत संशोधित अधिनियम के तहत संयुक्त रूप से दंडनीय अपराध किया है। 

उन्होंने शीर्ष अदालत की सात सदस्यीय पीठ के जजों के नाम भी बताए। ये सीजेआई के अलावा, जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस जे. चेलेश्वरम, जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस मदन बी. लोकुर, जस्टिस पिनाकी चंद्रा घोष और जस्टिस कुरियन जोसफ हैं। पीठ ने जस्टिस करनन के खिलाफ स्वत: संज्ञान लेते हुए अवमानना की कार्रवाई की थी और उनके न्यायिक तथा प्रशासनिक कार्य करने पर रोक लगा दी थी। 
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