सुप्रीम कोर्ट ने गोवा के मोपा में एक ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे का निर्माण कार्य बहाल करने का अनुरोध करने संबंधी राज्य सरकार की लंबित याचिका पर तत्काल सुनवाई के लिए एक विशेष पीठ का गठन करने से बुधवार को इनकार कर दिया।
अटॉर्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति एस ए बोबडे और न्यायमूर्ति एस ए नजीर की पीठ को बताया कि हवाई अड्डे का निर्माण कार्य पिछले 10 महीने से रुका हुआ है और राज्य सरकार की याचिका शीर्ष अदालत के सामने लंबित है।
पीठ ने कहा कि हम अब विशेष पीठ गठित करने की स्थिति में नहीं हैं। अटॉर्नी साहब, हमारी मौजूदा स्थिति हमें ऐसा करने की अनुमति नहीं देती।
जीएमआर कंपनी की ओर से पेश हुए वकीलों में से एक ने कहा कि न्यायमूर्ति डी. वाई. चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली एक पीठ पहले ही इस मामले की कुछ सुनवाई कर चुकी है और मामले को जल्द से जल्द निपटाने की आवश्यकता है।
इससे पहले शीर्ष अदालत ने हवाई अड्डा परियोजना को दी गई पर्यावरणीय मंजूरी निलंबित कर दी थी जिसके कारण वहां निर्माण कार्य रुक गया था।